
फिर शुरू की मिलिट्री ड्रिल.... जानें ताइवान को बार-बार क्यों डराता है चीन?
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चीन और ताइवान के बीच स्वामित्व और वजूद की जंग, बदस्तूर जारी है. इसी कड़ी में 20 मई को जैसे ही ताइवान में नए राष्ट्रपति लाई चिंग-ते ने शपथ ली, दो दिन बाद ही चीन ने ताइवान के चारों ओर सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया, जो दो दिन तक चला. नए राष्ट्रपति के शपथ लेने के 4 दिन बाद चीन ने ताइवान को जंग की धमकी दी.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.

आज सबसे पहले आपको उस रिपोर्ट के बारे में बताएंगे, जिसके मुताबिक अमेरिका ने ईरान पर हमले की तारीख मुकर्रर कर दी है. और ये हमला इस हफ्ते के आखिर तक हो सकता है. ट्रंप ने ईरान को धमकी देते हुए कहा है कि ईरान नहीं माना तो हमला होगा. रमज़ान का महीना शुरू हो गया है और ये मुसलमानों के लिए पाक महीना माना जाता है. ऐसे में सवाल उठता है कि अगर अमेरिका ने ईरान पर रमजान के महीने में हमला किया तो मुस्लिम देश क्या करेंगे?











