
पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा की तबीयत में सुधार, अस्पताल से मिली छुट्टी
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पूर्व पीएम देवेगौड़ा को सांस की बीमारी के कारण गुरुवार सुबह मणिपाल अस्पताल में भर्ती कराया गया था. अस्पताल के एचओडी और रेस्पिरेटरी मेडिसिन एंड ट्रांसप्लांट फिजिशियन डॉ. सत्य नारायण मैसूर ने कहा कि देवेगौड़ा अब फिट और स्वस्थ हैं.
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवेगौड़ा (HD Deve Gowda) को अस्पताल से छुट्टी मिल गई है. वो सांस की बीमारी की वजह से बेंगलुरु के एक प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती कराए गए थे. उन्हें स्वस्थ बताते हुए अस्पताल ने रविवार को छुट्टी दे दी. एक बुलेटिन में मणिपाल अस्पताल के एचओडी और रेस्पिरेटरी मेडिसिन एंड ट्रांसप्लांट फिजिशियन डॉ. सत्य नारायण मैसूर ने कहा कि देवेगौड़ा फिट और स्वस्थ हैं. बता दें कि 90 वर्षीय जेडी (एस) सुप्रीमो को सांस की बीमारी के कारण गुरुवार सुबह मणिपाल अस्पताल में भर्ती कराया गया था और वह डॉ. मैसूर की निगरानी में थे.
जानकारी के मुताबिक सी.एन. श्री जयदेव इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोवास्कुलर साइंसेज एंड रिसर्च के पूर्व निदेशक और देवेगौड़ा के दामाद मंजूनाथ ने बताया कि पूर्व प्रधानमंत्री को पिछले तीन दिनों से तेज बुखार और गंभीर खांसी थी. इसके साथ ही उन्हें यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन भी है. पिछले तीन दिनों से घर पर ही एंटीबायोटिक्स और कफ सप्रेसेंट्स से उनका इलाज किया जा रहा था.
कौन हैं एच डी देवेगौड़ा? पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवेगौड़ा का जन्म 18 मई 1933 के कर्नाटक के एक वोक्कालिगा परिवार में हुआ, जो समुदाय ओबीसी वर्ग में आता है. उनके पिता डी. गौड़ा धान की खेती करते थे और मां का नाम देवाम्मा था. 50 के दशक में सिविल इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के बाद देवेगौड़ा की शादी चेन्नमा से हुई, जिनसे उनकी 6 संतान हैं. उनके बेटे एचडी कुमारस्वामी कर्नाटक के मुख्यमंत्री रह चुके हैं.
कांग्रेस के साथ शुरू हुआ सियासी सफर एचडी देवेगौड़ा के राजनीतिक करियर की शुरुआत कांग्रेस के साथ हुई और वह 1953-62 तक कांग्रेस के सदस्य रहे. साल 1962 में वह निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर होलेनारासिपुरा सीट से पहली बार विधायक चुने गए. इसके बाद 1989 तक लगातार 6 बार देवेगौड़ा इसी सीट से विधानसभा चुनाव भी जीतते रहे.
साल 1972-77 तक वह विधानसभा में नेता विपक्ष भी रहे और आपातकाल के दौरान 2 साल बेंगलुरु की जेल में कैद रहे. एचडी देवेगौड़ा आपातकाल में इंदिरा गांधी के विरोध के बाद वह 2 बार कर्नाटक में जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष रहे. उन्होंने साल 1983 से 1988 के बीच वह कर्नाटक की जनता पार्टी सरकार में मंत्री पद भी संभाला.
इसके बाद साल 1994 में देवेगौड़ा की अगुवाई में जनता दल ने कर्नाटक में विधानसभा चुनाव फतह हासिल की और उन्हें राज्य का 14वां मुख्यमंत्री नियुक्त किया गया. एचडी देवगौड़ा ने एक जून 1996 को भारत के 11वें प्रधानमंत्री पद की शपथ ली और 21 अप्रैल 1997 तक वो पीएम रहे.

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