
पुतिन का ऑपरेशन 35: मानवाधिकार संगठन ने रूस पर लगाए गंभीर आरोप, शांति के आसार नहीं
AajTak
यूक्रेन में पुतिन का ऑपरेशन 35 जारी है. रूस पर गंभीर आरोप लगा है. मानवाधिकार संगठन ने कहा है कि रूस प्रतिबंधित एंटी पर्सनल लैंडमाइन्स का इस्तेमाल कर रहा है. यूक्रेन के खारकीव इलाके में लैंडमाइन्स के इस्तेमाल के आरोप लगे हैं. रूस अब तक मानने को तैयार नहीं हुआ. यूक्रेन इस संकट में अकेला पड़ा हुआ है. लगातार युद्ध रोकने पर बातचीत के बीच यूक्रेन रूसी फौज का कहर झेल रहा है, लेकिन शांति की सूरत नजर नहीं आ रही. बम-बारूदों की बारिश ने यूक्रेन के शहरों को मटियामेट कर दिया है. बर्बादी की तस्वीरें रूसी हमले की गवाही दे रही हैं. मारियूपोल में रूस ने जबरदस्त हमला किया है. वहां कई लोगों की मौत की आशंका है. देखें न्यूज बुलेटिन.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.

आज सबसे पहले आपको उस रिपोर्ट के बारे में बताएंगे, जिसके मुताबिक अमेरिका ने ईरान पर हमले की तारीख मुकर्रर कर दी है. और ये हमला इस हफ्ते के आखिर तक हो सकता है. ट्रंप ने ईरान को धमकी देते हुए कहा है कि ईरान नहीं माना तो हमला होगा. रमज़ान का महीना शुरू हो गया है और ये मुसलमानों के लिए पाक महीना माना जाता है. ऐसे में सवाल उठता है कि अगर अमेरिका ने ईरान पर रमजान के महीने में हमला किया तो मुस्लिम देश क्या करेंगे?











