
नवाज, बिलावल, मरियम, शहबाज... पाकिस्तान की VVIP कैंडिडेट्स की सीटों का जानिए हाल
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पाकिस्तान में आम चुनाव के बाद वोटों की गिनती जारी है. पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ फिर से पीएम बनने की तैयारियां कर रहे हैं. पाक में नवाज शरीफ और उनके भाई शहबाज शरीफ समेत कई दिग्गज नेता चुनाव जीत चुके हैं.
पाकिस्तान में आम चुनाव के बाद वोटों की गिनती जारी है. पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ फिर से पीएम बनने की तैयारियां कर रहे हैं. पाक में नवाज शरीफ और उनके भाई शहबाज शरीफ समेत कई दिग्गज नेता चुनाव जीत चुके हैं. आइए जानते है पाकिस्तान की मुख्य राजनीतिक हस्तियों का आम चुनाव में कैसा है हाल...
नवाज शरीफ- पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को देश का नेतृत्व करने की दौड़ में सबसे आगे माना जा रहा है. वो अपना चुनाव जीत गए हैं. नवाज शरीफ पीटीआई समर्थित उम्मीदवार यास्मीन राशिद को 55,981 वोटों से हराने में कामयाब रहे.
यास्मीन राशिद- पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार तीन बार पीएम रहे नवाज के सामने मैदान में थी. उन्हें नवाज शरीफ के सामने हार का सामना करना पड़ा है.
मरियम नवाज- पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री रहे नवाज शरीफ की बेटी हैं. उन्होंने भी अपनी सीट जीत ली है. मरियम नवाज ने लाहौर PP-159 सीट से जीत दर्ज की है.
शाहबाज़ शरीफ़- शाहबाज़ शरीफ़ पाक के पूर्व पीएम नवाज़ शरीफ़ के छोटे भाई हैं. पूर्व पीएम और पीएमएलएन नेता शहबाज शरीफ ने लाहौर सीट से अपना चुनाव जीत लिया है. शहबाज शरीफ ने लाहौर की PP-158 सीट से जीत दर्ज की है. अविश्वास प्रस्ताव में इमरान खान को हटाने के बाद अप्रैल 2022 में शरीफ देश के प्रधानमंत्री बने थे.
हमजा शाहबाज़- हमजा शाहबाज़ पूर्व प्रधानमंत्री शाहबाज़ शरीफ़ के बेटे हैं. उन्हें भी लाहौर निर्वाचन क्षेत्र से विजेता घोषित किया दिया गया है. हमजा ने लाहौर-II से 105,960 वोटों के साथ NA-118 सीट पर जीत हासिल किया है.

ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बघेर गलीबाफ ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा अमेरिका-ईरान वार्ता का दावा फर्जी बताया. उनका कहना है कि यह वित्तीय और तेल बाजार को प्रभावित करने और अमेरिका-इजरायल की रणनीतिक विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए फैलाया गया. ईरान ने किसी भी वार्ता की पुष्टि से इनकार किया.

वेस्ट एशिया में छिड़े युद्ध में आज अमेरिका की तरफ से ऐसे संकेत आए हैं कि जैसे अमेरिका ईरान के सामने थोड़ा झुका हो. अमेरिका ने ईरान के एनर्जी और पावर प्लांट पर हमलों को फिलहाल टाल दिया है. लेकिन सवाल है कि क्यों? अमेरिका और इजरायल का गठबंधन युद्ध के 24 दिनों के बाद भी ईरान को पूरी तरह से झुका नहीं पाया है. शुरुआत में भले ही अमेरिका इजरायल को कामयाबी मिली हो. लेकिन अब तो ऐसा लग रहा है कि जैसे ईरान ने अपने ताकतवर बम युद्ध के इस हिस्से के लिए बचाकर रखे हों. इजरायल के न्यूक्लियर प्लांट तक ईरान के बम गिर रहे हैं. इजरायल का वर्ल्ड क्लास एयर डिफेंस सिस्टम फेल क्यों हो गया.

युद्ध के 24वें दिन आज अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चौंकाने वाला बड़ा ऐलान किया. ट्रंप ने कहा कि बीते 2 दिनों से हो रही बातचीत के बाद मैंने ईरानी पावर प्लांट्स पर 5 दिनों के लिए हमले करना रोक दिया है. गौरतलब है कि भारतीय समय से आज रात ही ईरानी पावर प्लांट्स पर हमला करने की ट्रंप की डेडलाइन पूरी हो रही थी. सवाल ये है कि क्या ट्रंप ने अचानक यू टर्न लिया है? अगर ईरान के साथ बीते 2 दिनों से बातचीत हो रही थी तो लगभग 2 दिनों पहले उन्होंने अल्टीमेटम क्यों दिया था? क्यों उन्होंने शक्ति से शांति की बात की थी? सवाल उठ रहा है कि क्या ईरान के तेवरों के आगे ट्रंप एग्जिट रूट ढूंढ रहे हैं? ट्रंप के ऐलान से क्या युद्ध रुक जाएगा? क्या ईरान और इजरायल युद्ध रोकेंगे? ईरान की मीडिया के अनुसार अमेरिका से ईरान का कोई संपर्क नहीं है.

डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर संभावित हमलों को पांच दिनों के लिए रोकने का निर्देश दिया, जिसका कारण दोनों देशों के बीच जारी सकारात्मक बातचीत बताया गया. डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि ईरान से पांच दिनों के भीतर डील हो सकती है. हालांकि, ईरान इन दावों को खारिज कर रहा है. इससे पहले अमेरिका ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने को लेकर चेतावनी दी थी, जिस पर ईरान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी.

ईरान लगातार इजरायल को निशाना बना रहा है. यरुशलम में ईरान के हमले की आशंका को लेकर सायरन बजे. आनन-फानन में लोग बम शेल्टर की ओर भागे. ये सायरन ईरान से मिसाइल और ड्रोन हमलों की चेतावनी देते हैं. हमसे ले पहले कुछ मिनटों का ही समय होता है जिसमें इजरायली नागरिक अपने करीबी बम शेल्टर में तब तक शरण लेते हैं जब तक कि खतरा टल न जाए. देखें वीडियो.








