
दिल्ली में स्कूल फीस बिल पर गरमाई सियासत! आतिशी ने जताई आपत्ति, BJP पर लगाया प्राइवेट स्कूलों के समर्थन का आरोप
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आतिशी ने सदन में भाजपा विधायक राजकुमार भाटिया के उस बयान का हवाला देते हुए कहा, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर कहा कि इस बिल की मंशा ही है कि प्राइवेट स्कूल फीस बढ़ा सकें. आतिशी ने दावा किया कि बिल में माता-पिता की शिकायतों को दर्ज करने की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है और इससे निजी स्कूलों को मनमानी करने की छूट मिल जाएगी.
दिल्ली विधानसभा में मंगलवार को पेश किए गए स्कूल फीस रेगुलेशन बिल को लेकर आम आदमी पार्टी ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला. ‘आप’ की वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने आरोप लगाया कि यह बिल निजी स्कूलों को फायदा पहुंचाने और फीस वृद्धि को वैध ठहराने के इरादे से लाया गया है.
आतिशी ने सदन में भाजपा विधायक राजकुमार भाटिया के उस बयान का हवाला देते हुए कहा, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर कहा कि इस बिल की मंशा ही है कि प्राइवेट स्कूल फीस बढ़ा सकें. आतिशी ने दावा किया कि बिल में माता-पिता की शिकायतों को दर्ज करने की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है और इससे निजी स्कूलों को मनमानी करने की छूट मिल जाएगी.
आतिशी ने इसी बयान की क्लिप सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व ट्विटर) पर साझा करते हुए लिखा कि भाजपा का असली चेहरा उजागर हो गया है.
उन्होंने कहा, "इस बिल में स्कूलों की फीस रेगुलेट करने वाली कमेटी की अध्यक्षता स्कूल की मैनेजमेंट करेगी, और अभिभावकों की भूमिका केवल नाम मात्र की होगी. यदि कोई विरोध करना हो, तो 15 प्रतिशत अभिभावकों का समर्थन जरूरी होगा."
उन्होंने कहा कि इस बिल में ऐसे प्रावधान शामिल किए गए हैं जिससे सिर्फ स्कूल प्रबंधन को फायदा होगा. फीस रेगुलेशन कमेटी की अध्यक्षता भी स्कूल मैनेजमेंट ही करेगी, जबकि माता-पिता के प्रतिनिधि केवल पांच होंगे, वो भी चुनाव से नहीं, बल्कि पर्ची से तय होंगे.

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