
तल्ख रिश्तों के बीच उम्मीद की किरण, जेनेवा में वार्ता के लिए साथ आए बाइडेन-पुतिन
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इस वार्ता में साइबर क्राइम, अमेरिकी चुनाव में रूस के हस्तक्षेप जैसे विवादित मुद्दों पर बातचीत होती दिखेगी.
बुधवार को स्विट्जरलैंड की राजधानी जेनेवा में पूरी दुनिया को उम्मीद की एक किरण दिखाई पड़ी जब अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन वार्ता के लिए साथ आए. जब अमेरिका और रूस के रिश्ते सबसे खराब दौर से गुजर रहे हैं, जब हर मुद्दे पर सिर्फ आरोप-प्रत्यारोप का खेल चल रहा है, उस बीच दोनों नेताओं की यूं हाथ मिलाते हुए एक तस्वीर का सामने आना कई तरह के संदेश दे गया है. समाधान मिल जाएगा, मुश्किल लगता है,लेकिन इस मुलाकात के बाद वार्ता का दौर जरूर शुरू होगा जो विवाद को कम करने का काम कर सकता है. जो बाइडेन-व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात
ग्रीनलैंड में आजादी की मांग दशकों से चल रही है. फिलहाल यह द्वीप देश डेनमार्क के अधीन अर्ध स्वायत्त तरीके से काम करता है. मतलब घरेलू मामलों को ग्रीनलैंडर्स देखते हैं, लेकिन फॉरेन पॉलिसी और रक्षा विभाग डेनमार्क सरकार के पास हैं. अब कयास लग रहे हैं कि डोनाल्ड ट्रंप की ग्रीनलैंड पर कब्जे की जिद के बीच वहां अलगाववाद को और हवा मिलेगी.

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