
ड्रोन, सैटेलाइट और टायसन... जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों ने जैश के इजरायल ग्रुप का कैसे किया खात्मा? जानें एक-एक डिटेल
ABP News
Jammu Kashmir Encounter: भारतीय सेना की डेल्टा फोर्स किश्तवाड़ में मारे गए सातों आतंकियों की तस्वीरें जारी की. कश्मीर घाटी में भी 40-50 पाकिस्तानी आतंकी सक्रिय हैं.
जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ में रविवार (22 फरवरी 2026) को मारे गए तीन आतंकियों के साथ भारतीय सेना ने जैश ए मोहम्मद के एक बड़े मॉड्यूल को खत्म करने का दावा किया है. जैश के टॉप कमांडर सैफुल्लाह की अगुवाई में इस मॉड्यूल में कुल सात आतंकी थे, जिन्हें इजरायल ग्रुप के नाम से जाना जाता था. पिछले 326 दिनों से चल रहे ऑपरेशन में सेना ने जम्मू कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ की मदद से इन सभी सात आतंकियों का सफाया कर दिया है.
भारतीय सेना की डेल्टा फोर्स (राष्ट्रीय राइफल्स की स्थानीय यूनिट) ने सोमवार (23 फरवरी 2026) एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर इन सभी सातों आतंकियों की तस्वीरें जारी की. सेना ने बताया कि इस पूरे ग्रुप के खात्मे के लिए ड्रोन से लेकर सैटेलाइट तक की मदद ली गई.
सैफुल्लाह ग्रुप के आतंकी को सेना ने किया ढेर
डेल्टा फोर्स के डिवीजनल कमांडर, मेजर जनरल एपीएल बल के मुताबिक, इस ग्रुप के बारे में बड़ी कामयाबी इसी महीने की 4 तारीख को मिली थी, जब ऑपरेशन त्राशी-1 के दौरान आदिल नाम के पाकिस्तानी आंतकी को ढेर किया गया था. आदिल भी सैफुल्लाह और दूसरे बाकी आतंकियों की तरह पाकिस्तानी नागरिक था. आदिल को, सैफुल्लाह का डिप्टी कमांडर माना जाता था, लेकिन सैफुल्लाह चकमा देने में कामयाब रहा था. उसी दिन एक दूसरे ऑपरेशन में इसी इलाके में इस ग्रुप के दो अन्य आतंकी मारे गए थे.













