
टाइगर लौट आया है, वो 40 'गद्दारों' की तरह भागा नहीं, संजय राउत के जेल से निकलने पर बोले आदित्य
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संजय राउत को बुधवार की शाम को जेल से रिहा किया गया. उनके स्वागत के लिए आर्थर रोड जेल के बाहर समर्थक इकट्ठा हुए थे. जेल से निकलने के बाद राउत पहले सिद्धिविनायक मंदिर गए, वहां से हनुमान मंदिर होते हुए वह रात करीब साढ़े 10 बजे तक घर पहुंचे.
शिवसेना (उद्धव गुट) के राज्यसभा सांसद संजय राउत बुधवार शाम को आर्थर रोड जेल से रिहा हुए. उसके बाद वह भगवान गणेश का आशीर्वाद लेने के लिए सिद्धिविनायक मंदिर गए. राउत के साथ उनके भाई विधायक सुनील राउत और पार्टी के कई मौजूद थे. वहीं राउत के बाहर निकलने पर आदित्य ठाकरे ने कहा टाइगर वापस लौट आया है.
संजय राउत ने दक्षिण मुंबई में एक हनुमान मंदिर और शिवाजी पार्क में बाल ठाकरे स्मारक का भी दौरा किया. राउत को शाम करीब 6.50 बजे जेल से रिहा किया गया था, लेकिन वह रात करीब 10.30 बजे नाहूर स्थित अपने आवास पहुंच पाए.
शिवसेना के सीनियर नेता संजय राउत के बंगले को लाइटिंग से सजाया गया था और उनके सैकड़ों समर्थक स्वागत के लिए उनके घर के बाहर जमा हुए और जमकर पटाखे जलाए. इस दौरान डीजे पर गाने भी बजाए जा रहे थे. 60 वर्षीय राज्यसभा सांसद को एक अगस्त को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गोरेगांव में एक आवासीय परियोजना से जुड़े धन शोधन मामले में गिरफ्तार किया था.
राउत का जेल के बाहर स्वागत
शक्ति प्रदर्शन में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सैकड़ों कार्यकर्ता भगवा झंडे लेकर मध्य मुंबई की आर्थर रोड जेल के बाहर जमा हो गए थे. राउत की रिहाई के इंतजार में पार्टी कार्यकर्ताओं की कारों की लंबी कतार लगी रहीं. मुंबई की आर्थर रोड जेल में तीन महीने रहने के बाद जब संजय राउत जेल से बाहर निकले, शिवसेना उद्धव गुट के कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया. उन्होंने राउत के साथ-साथ पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे के पक्ष में नारेबाजी की. इस दौरान कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे पर गुलाल लगाया और जमकर ढोल नगाढ़े लगाए.
जेल के बाहर लोग हो गए थे इकट्ठे

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