
गुजरात में भूपेंद्र कैबिनेट का नया स्वरूप, हर्ष सांघवी बने डिप्टी CM, 19 नए मंत्रियों ने ली शपथ
AajTak
गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में नया मंत्रिमंडल शपथ ग्रहण कर चुका है जिसमें हर्ष सांघवी को डिप्टी सीएम बनाया गया है. मंत्रिमंडल में पाटीदार, ओबीसी, अनुसूचित जाति, आदिवासी और क्षत्रिय समुदायों के प्रतिनिधि शामिल हैं.
गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में नया मंत्रिमंडल शपथ ग्रहण कर चुका है. इस बार मंत्रिमंडल में हर्ष सांघवी को डिप्टी सीएम बनाया गया है. वह सूरत की मजूरा सीट से विधायक हैं और पिछले कैबिनेट में गृह राज्य मंत्री थे. हर्ष सांघवी जैन समाज के युवा चेहरा हैं और तीसरी बार विधायक हैं. वह 2021 से गृह राज्य मंत्री के पद पर थे.
पाटीदार समुदाय से 6 मंत्रियों को मिली जगह
मंत्रिमंडल में पाटीदार समुदाय से 6 मंत्रियों को जगह मिली है- कौशिक वेकरिया, प्रफुल पानसेरीया, कांती अमृतिया, ऋषिकेश पटेल, जीतूभाई वाघाणी और कमलेश पटेल. प्रफुल पानसेरीया सूरत की कामरेज सीट से विधायक हैं और तीसरी बार के विधायक हैं. उन्होंने 2022 से शिक्षा राज्य मंत्री के रूप में कार्य किया और अब उन्हें कैबिनेट मंत्री के रूप में प्रमोशन मिला.
अनुसूचित जाति से 3 मंत्री शामिल हैं- मनीषा वकील, प्रद्युम्न वाजा और दर्शन वाघेला. आदिवासी समुदाय से 4 मंत्री हैं- रमेश कटारा, पी.सी. बरंडा, जयराम गामित और नरेश पटेल. क्षत्रिय समाज से 2 मंत्री बने हैं- रिवाबा जाडेजा और संजयसिंह महिडा.
ओबीसी समुदाय से 8 मंत्री
ओबीसी समुदाय से 8 मंत्री मंत्रिमंडल में शामिल हुए हैं- कुंवरजी बावलिया, अर्जुन मोढवाडिया, परसोत्तम सोलंकी, त्रिकम छांगा, प्रवीण माली, स्वरूपजी ठाकोर, ईश्वरसिंह पटेल और रमन सोलंकी. ब्राह्मण समुदाय से कनुभाई देसाई को जगह मिली है. जैन (लघुमति) समाज का प्रतिनिधित्व हर्ष सांघवी कर रहे हैं.

ईरान युद्ध के बीच पाकिस्तान की एक बड़ी साजिश बेनकाब हुई है. पाकिस्तान को लेकर खुलासा हुआ है कि वो उसने अपने एजेंट्स की मदद से भारत में सीसीटीवी लगवाए, जिनके जरिए वीडियो पाकिस्तान भेजे जा रहे थे. गाजियाबाद पुलिस ने पाकिस्तान की इस साजिश को नाकाम किया. पाकिस्तान ने इजरायल से सीख लेकर ऐसा किया. इजरायल ने तेहरान के ट्रैफिक कैमरों को हैक कर खामेनेई को लेकर अहम जानकारी जुटाई थी. देखें वीडियो.

डोनाल्ड ट्रंप ने पूरी दुनिया को कन्फ्यूज कर दिया है. एक तरफ डोनाल्ड ट्रंप और उनके दावे हैं. वहीं दूसरी तरफ इन दावों को आंख दिखाती हकीकत. सवाल ये है कि जंग की बिसात पर ट्रंप कौन सा खेल खेल रहे हैं. जंग की शुरुआत से अबतक डोनाल्ड ट्रंप अपनी आदत के मुताबिक अपने बयान बदल रहे हैं. दुर्भाग्य ये है कि ये जंग है. पहले दिन से वो कह रहे हैं कि हम जीत रहे हैं. जंग के 25 दिन बाद हकीकत कुछ और है. लेकिन वो कह रहे हैं कि उन्होंने ईरान को खत्म कर दिया है. फिर दबाव बढ़ाने के लिए उन्होंने ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम दे दिया. वहीं अचानक ये कहकर दुनिया को चौंका दिया कि 5 दिन युद्धविराम. ट्रंप की इन बातों ने बता दिया है कि उनके दिमाग में घोर कन्फ्यूजन है.

पश्चिम एशिया में बिगड़े हालातों पर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पीएम मोदी की बातचीत हुई है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया एक्स पर इसकी जानकारी दी. पीएम मोदी ने कहा है कि उन्हें ट्रंप का फोन आया और पश्चिम एशिया की स्थिति पर बात हुई. भारत तनाव कम करने और जल्द से जल्द शांति बहाल करने का समर्थन करता है. देखें वीडियो.

मोहम्मद बाघेर जोलघादर, ईरान के नए सुरक्षा रणनीतिकार होंगे. ईरान ने अली लारीजानी की जगह पर मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति का ऐलान किया है. ईरान के सरकारी चैनल IRIB के मुताबिक सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई और राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने मोहम्मद बाघेर की नियुक्ति को मंजूरी दी है. ईरान का ये ऐलान ऐसे समय में हुआ है, जब बातचीत के राष्ट्रपति ट्रंप के एकतरफा ऐलान के बावजूद ईरान पलटवार से रुका नहीं. ईरान के हमलों से आज तेल अवीव में रिहाइशी इमारतों की बर्बादी की तस्वीरें आईं. उधर, इजरायल ने ईरान के खोर्रमशहर और इशफाहान में ऊर्जा केंद्रों पर हमले किए. इजरायल ने ईरान के कई शहरों में हमले किए हैं. बीती रात हुए हमलों से साफ है कि बातचीत के लिए 5 दिनों की जो मोहलत ट्रंप ने दी, उसका कोई नतीजा नहीं दिख रहा. इस बीच, वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक सऊदी अरब और UAE भी युद्ध में उतर सकते हैं. सवाल है कि इस युद्ध पर फुलस्टॉप कैसे लगेगा? क्या बातचीत के लिए ईरान को कथित तौर पर मोहलत देने का ट्रंप का दांव नाकाम है?









