
गांधी जयंती का जिक्र करते हुए अमेरिका के राष्ट्रपति ने कही अहम बात, देखें
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन की मुलाकात में दोनों देशों के रिश्तों, कोरोना समेत तमाम मुद्दों पर चर्चा हुई. दोनों नेताओं ने माना कि तमाम चुनौतियों से निपटने के लिए भारत और अमेरिका का साथ जरूरी है. किसी भी राष्ट्र से संबंधों की बुनियाद शांति और सौहार्द ही हो सकती है, और शांति के सबसे बड़े पुरोधा थे महात्मा गांधी, इसीलिए व्हाइट हाउस में पीएम मोदी और राष्ट्रपति जो बाइडेन के बीच जब बातचीत का सिलसिला शुरु हुआ तो महात्मा गांधी का भी जिक्र आया. भारत और अमेरिका गांधी के सपनों को पूरा करने के लिए एक हुए हैं. दो शक्तिशाली देश गांधी की लकीर पर चलकर विकास के सपने बुनने के लिए तैयार हुए हैं. देखें ये वीडियो.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.

आज सबसे पहले आपको उस रिपोर्ट के बारे में बताएंगे, जिसके मुताबिक अमेरिका ने ईरान पर हमले की तारीख मुकर्रर कर दी है. और ये हमला इस हफ्ते के आखिर तक हो सकता है. ट्रंप ने ईरान को धमकी देते हुए कहा है कि ईरान नहीं माना तो हमला होगा. रमज़ान का महीना शुरू हो गया है और ये मुसलमानों के लिए पाक महीना माना जाता है. ऐसे में सवाल उठता है कि अगर अमेरिका ने ईरान पर रमजान के महीने में हमला किया तो मुस्लिम देश क्या करेंगे?











