
क्या सरकार के खिलाफ फिर बिगुल फूंकेंगे राकेश टिकैत? 31 जनवरी को SKM का वादाखिलाफी दिवस
AajTak
किसान नेता राकेश टिकैत फिर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खड़ा करने जा रहे हैं. वे 31 जनवरी को किसानों संग वादा खिलाफी दिवस मनाएंगे. उनका आरोप है कि केंद्र की तरफ से MSP पर कोई कमेटी नहीं बनाई गई है.
केंद्र की मोदी सरकार ने तीनों कृषि कानून वापस लेकर किसान आंदोलन को तो समाप्त कर दिया, लेकिन राकेश टिकैत की सक्रियता अभी भी कम नहीं हुई है. वे लगातार केंद्र पर दवाब बना रहे हैं, MSP की मांग उठा रहे हैं और लखीमपुर मामले में अजय टेनी के इस्तीफे की बात कर रहे हैं. अब संयुक्त किसान मोर्चा 31 जनवरी को वादा खिलाफी दिवस मनाने जा रहा है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.










