
केवल अतीक-अशरफ का कत्ल हीं नहीं 183 एनकाउंटर, अपराधियों का नेक्सस और पुलिस-प्रशासन की मिलीभगत... SC ने क्या-क्या उठाए सवाल?
AajTak
अतीक-अशरफ मर्डर केस को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार से चुभने वाले सवाल पूछे हैं. सुप्रीम कोर्ट ने पूछा- अतीक और अशरफ की हत्या में किसकी मिलीभगत है? ज़़ाहिर है सुप्रीम कोर्ट की ये टिप्पणी सीधे यूपी पुलिस और प्रशासन पर सवाल उठाती है.
Atiq-Ashraf Murder Case: भारी पुलिस सुरक्षा व्यवस्था के बीच अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की हत्या क्या एक सोची समझी साजिश थी? क्या इस साजिश के पीछे यूपी पुलिस और प्रशासन की मिलीभगत थी? ये सवाल या शक देश की किसी मीडिया या समाचार एजेंसी ने नहीं उठाया, बल्कि देश की सबसे बड़ी अदालत यानी सुप्रीम कोर्ट के एक जस्टिस ने ये बात कही है. असल में इस हत्याकांड से जुड़ी एक याचिका पर सुनवाई करते सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस ने ये बात कही.
15 अप्रैल 2023, प्रयागराज पूर्व सांसद और बाहुबली माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ के कत्ल की लाइव तस्वीरें पूरे देश ने टीवी पर देखीं. चारों तरफ पुलिसवाले थे. सभी के पास हथियार थे, लेकिन इसके बावजूद तीन हमलावर पुलिस के सुरक्षा घेरे को तोड़ते हुए अचानक अतीक और अशरफ के बिल्कुल करीब पहुंचते हैं और दोनों को तब तक गोली मारते हैं, जब तक कि दोनों मर नहीं जाते. और ये सब होता है पुलिसवालों की आंखों के सामने. इस डबल मर्डर की तस्वीरें देश के साथ-साथ देश की सबसे बड़ी अदालत सुप्रीम कोर्ट ने भी देखीं. पुलिस हिरासत में हुए इस डबल मर्डर को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बेहद गंभीर बात कही है. सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि इसके पीछे किसी की मिलीभगत है. इसमें पुलिस या प्रशासन के व्यक्ति शामिल हैं.
यूपी सरकार से तीखे सवाल ज़़ाहिर है सुप्रीम कोर्ट की ये टिप्पणी सीधे यूपी पुलिस और प्रशासन पर उंगली उठाती है. दरअसल, इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार से चुभने वाले सवाल पूछे हैं-- अतीक और अशरफ की हत्या में किसकी मिलीभगत है ? - पांच-दस पुलिस वालों की मौजूदगी में आख़िर क़त्ल कैसे हुआ? - कहां पहुंची अतीक और अशरफ मर्डर केस की जांच? - 2017 से अब तक हुए 183 एनकाउंटर पर स्टेटस रिपोर्ट दे यूपी सरकार
कैसे हो रही मिलीभगत? असल में अतीक की बहन आयशा नूरी ने अपने दोनों भाइयों के कत्ल के मामले की जांच को लेकर सुपीम कोर्ट में एक अर्जी दाखिल की थी. जिसकी सुनवाई करते हुए जस्टिस रविंद्र भट्ट और जस्टिस अरविंद कुमार की बेंच ने यूपी सरकार को घेर लिया. मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस रविंद्र भट्ट ने पूछा, "5 से 10 लोग जिनकी सुरक्षा कर रहे हों, कोई कहीं से भी आकर उन्हें कैसे गोली मार सकता है? इसमें पुलिस या प्रशासन के अंदर से ही किसी से मिलीभगत है?"
सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी इस मामले में अतीक का परिवार सुप्रीम कोर्ट पहुंचा है. बहन आयशा नूरी और वकील विशाल तिवारी ने याचिका में डबल मर्डर की जांच के लिए रिटायर्ड जज के नेतृत्व में कमेटी गठित करने की मांग की है. सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई करते हुए कहा कि ये सिर्फ हाई प्रोफाइल केस का मामला नहीं है. ऐसी घटनाएं जेल में भी हो रही हैं. वो कौन लोग हैं जो इन्हें करते हैं? जेल से एक नेक्सस यानी मिलीभगत के जरिए काम किया जा रहा है.
यूपी सरकार से मांगी स्टेटस रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट ने अतीक और अशरफ के कत्ल के मामले की जांच को लेकर यूपी सरकार से स्टेटस रिपोर्ट भी फाइल करने को कहा. इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट ने 2017 से लेकर अब तक यानी योगी राज में हुए 183 एनकाउंटर के मामलों पर भी डिटेल स्टेटस रिपोर्ट मांगी. कोर्ट ने कहा कि राज्य में जो 183 पुलिस एनकाउंटर हुए, उनमें किस मामले की जांच कहां तक पहुंची, किस मामले में चार्जशीट दाखिल हुई और किस मामले में नहीं, इस पर राज्य सरकार के एक डिटेल्ड स्टेटस रिपोर्ट फाइल करें.

MP विधानसभा के बजट सत्र में गुरुवार को उस समय मर्यादाएं तार-तार हो गईं, जब कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के बीच तीखी बहस ने अपमानजनक मोड़ ले लिया. सदन में इस्तेमाल किए गए असंसदीय शब्दों के कारण न केवल कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी, बल्कि मुख्यमंत्री को भी मोर्चा संभालना पड़ा.

केरल स्टोरी 2 फिल्म को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है. मुस्लिम पक्ष इस फिल्म को राष्ट्रीय स्तर पर बीजेपी सरकार का प्रोपेगेंडा बता रहा है. दूसरी ओर, फिल्म मेकर और सरकार के समर्थक कह रहे हैं कि जो भी घटनाएं हुई हैं, उन्हीं पर इस फिल्म की कहानी आधारित है. इसी बीच कांग्रेस नेता शशि थरूर ने भी इस फिल्म पर अपनी प्रतिक्रिया दी है.











