
कर्नाटक स्कूल मामला: पुलिस का हथियार लेकर बच्चों से पूछताछ करना क़ानून का गंभीर उल्लंघन- कोर्ट
The Wire
2020 में कर्नाटक के बीदर के शाहीन स्कूल के ख़िलाफ़ बच्चों द्वारा सीएए विरोधी नाटक करने पर राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया था. अब हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से कहा है कि वह हलफनामा दायर कर बताए कि उन पुलिसकर्मियों के ख़िलाफ़ क्या कार्रवाई हुई, जिन्होंने यूनिफॉर्म में हथियारों के साथ बच्चों से पूछताछ की थी.
नई दिल्ली: कर्नाटक हाईकोर्ट ने कहा है कि पिछले साल बीदर के शाहीन स्कूल में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ नाटक करने चलते दर्ज किए गए राजद्रोह मामले में हथियार लिए पुलिस की मौजूदगी में बच्चों से पूछताछ करना किशोर न्याय (बच्चों का देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015 के प्रावधानों का गंभीर उल्लंघन है. लाइव लॉ के मुताबिक, मुख्य न्यायाधीश अभय ओका और जस्टिस एनएस संजय गौड़ा की पीठ ने कहा कि बीते 16 मार्च को उप अधीक्षक बसावेश्वर ने जो हलफनामा सौंपा है, उसमें उन्होंने उस तस्वीर की सत्यतता की पुष्टि की है जिसमें पांच पुलिसकर्मी तीन स्कूली बच्चों (दो लड़के और एक लड़की) से पूछताछ करते दिख रहे हैं. इन पांच पुलिसवालों में से चार यूनिफॉर्म में हैं और कम से कम दो ने हथियार ले रखा है. पीठ ने कहा, ‘प्रथम दृष्टया यह बच्चों के अधिकारों के उल्लंघन और जेजे एक्ट 2016 के धारा 86 (5) के तहत गंभीर मामला है.’ धारा 86 में कहा गया है कि यदि कोई पुलिसकर्मी किसी बच्चे से सवाल-जवाब करता है, तो उसे सादे कपड़े में रहना होगा, न कि अपने यूनिफॉर्म में. इसके अलावा यदि किसी लड़की से पूछताछ की जाती है तो महिला पुलिसकर्मी की मौजूदगी अनिवार्य है.
गैस आपूर्ति की कमी को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच केंद्र सरकार ने पीएनजी कनेक्शन वाले घरेलू उपभोक्ताओं को घरेलू एलपीजी सिलेंडर रखने या लेने पर रोक लगा दी है. वहीं, 14 मार्च को एलपीजी बुकिंग में 13 मार्च के मुक़ाबले 10 लाख की गिरावट दर्ज की गई. इसी बीच, गैस की आपूर्ति में बाधा आने के कारण गुजरात में औद्योगिक गैस खपत पर प्रतिबंध लगाए गए हैं, इसके चलते कई कारखानों को उत्पादन घटाने के लिए मजबूर हैं.

कैम्पेन अगेंस्ट स्टेट रिप्रेशन (सीएएसआर) ने आरोप लगाया है कि दिल्ली में दो मज़दूर अधिकार कार्यकर्ताओं, दो विस्थापन-विरोधी कार्यकर्ताओं और छह छात्रों को 'अधिकारियों' ने उठा लिया है और उनका अब तक कोई पता नहीं है. संगठन ने उनके ठिकाने की जानकारी, सुरक्षा की गारंटी और कानूनी सहायता सुनिश्चित करने की मांग की है.

महाराष्ट्र में एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति बाधित होने से पीएम पोषण (मिड-डे मील) योजना प्रभावित होने की आशंका जताई गई है. प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने बीपीसीएल और एचपीसीएल से स्वयं सहायता समूहों और केंद्रीय रसोईघरों के लिए सिलेंडरों की प्राथमिक आपूर्ति सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है, ताकि छात्रों के भोजन पर असर न पड़े.

लोकसभा में सपा सांसद धर्मेंद्र यादव के सवाल के जवाब में केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि मणिकर्णिका घाट एएसआई के तहत संरक्षित स्मारक नहीं है. उन्होंने आगे कहा कि घाट पर चल रहा कार्य घाट की गरिमा को बहाल करने के उद्देश्य से किए जा रहे जीर्णोद्धार और संरक्षण परियोजना का हिस्सा है.

देश में एलपीजी गैस की सप्लाई को लेकर अनिश्चितता के बीच गुरुवार को संसद में जारी बजट सत्र के दूसरे चरण के दौरान ज़ोरदार हंगामा देखने को मिला. कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने सरकार पर इस मुद्दे पर ग़लत जानकारी देने का आरोप लगाया और इस पर संसद के भीतर विस्तृत चर्चा की मांग की. हालांकि, सरकार का कहना है कि देश के पास पर्याप्त भंडार हैं.








