
अमेरिकी प्रतिबंधों को धता बता पाकिस्तान ने शुरू किया ये काम!
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पाकिस्तान ने ईरान-पाकिस्तान गैस पाइपलाइन प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर दिया है. अमेरिका ने ईरान पर प्रतिबंध लगा रखा है और पाइपलाइन पर भी काम शुरू करने पर प्रतिबंध है बावजूद इसके पाकिस्तान ने प्रोजेक्ट का काम शुरू कर दिया है. अगर पाकिस्तान ऐसा नहीं करता है तो उसे अरबों डॉलर का जुर्माना भरना पड़ेगा.
पाकिस्तान ने मंगलवार को कहा कि अमेरिकी प्रतिबंध उस समय ईरान-पाकिस्तान (आईपी) गैस पाइपलाइन परियोजना पर लागू नहीं हो सकते हैं जब वो अपने क्षेत्र के भीतर पाइपलाइन बिछाने जा रहा है. पाकिस्तान कह रहा है वो बस पाइपलाइन बिछा रहा है और उसे ईरान से नहीं जोड़ रहा है जिस वजह से अमेरिकी प्रतिबंध उस पर लागू नहीं हो सकते.
इस्लामाबाद में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पाकिस्तान की कार्यवाहक सरकार ऊर्जा मंत्री मुहम्मद अली ने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि ईरान-पाकिस्तान प्रोजेक्ट के इस स्टेज पर कोई प्रतिबंध लगना चाहिए.'
पाकिस्तान ने ईरान पर लगे अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद आईपी प्रोजेक्ट से जुड़ी पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू कर दिया है. इसे लेकर एक्सपर्ट्स का कहना है कि पाकिस्तान को यह फैसला इसलिए लेना पड़ा है क्योंकि वो पाइपलाइन में देरी को लेकर किसी तरह का जुर्माना नहीं भरना चाहता.
जब पाकिस्तानी मंत्री से आईपी प्रोजेक्ट पर अमेरिकी प्रतिबंधों को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि आईपी गैस पाइपलाइन प्रोजेक्ट के संबंध में अमेरिकी क्या चाहते हैं, इसकी उन्हें जानकारी नहीं है,
हालांकि, उन्होंने कहा कि फिलहाल पाकिस्तानी क्षेत्र में 80 किलोमीटर पाइपलाइन पर काम किया जाएगा. उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी क्षेत्र में पाइपलाइन प्रोजेक्ट को पूरा करने में लगभग 1.5 साल लगेंगे. पाकिस्तानी मंत्री ने कहा, 'गैस की आपूर्ति के लिए उसे ईरान से जोड़ने में अभी काफी समय लगेगा.'
कार्यवाहक मंत्री ने कहा कि पाकिस्तान ने साल 2009 में गैस पाइपलाइन के लिए ईरान के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किया था. इसके तहत पाकिस्तान प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए बाध्य है.

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