
Shani Margi 2025: होगा तगड़ा लाभ जब शनि चलेंगे मार्गी चाल! कुंभ समेत इन 3 राशियों को होगा फायदा
AajTak
Shani Margi 2025: पंचांग के अनुसार, 28 नवंबर को शनिदेव वक्री गति छोड़कर मार्गी होंगे, जिससे सभी राशियों में जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव आएंगे. ज्योतिषियों के अनुसार, शनि की यह चाल जीवन में स्थिरता और विकास के नए अवसर भी लेकर आएगी.
Shani Margi 2025: 28 नवंबर 2025 को शनिदेव वक्री गति छोड़कर मार्गी होने जा रहे हैं. शनि जब वक्री रहते हैं तो व्यक्ति के जीवन में रुकावटें, देरी और मानसिक दबाव बढ़ाते हैं. लेकिन जैसे ही शनि मार्गी होते हैं अर्थात सीधी चाल चलते हैं तो परिस्थितियां स्थिर होने लगती हैं और कई मामलों में बिगड़े कार्य बनने लगते हैं. वर्तमान में शनिदेव मीन राशि में गोचर कर रहे हैं और वहीं मार्गी होंगे. इस परिवर्तन का प्रभाव सभी राशियों पर अलग-अलग रूप में दिखाई देगा. कई राशियों को अटके कार्यों से मुक्ति मिलेगी, तो कुछ को करियर, धन, व्यापार और स्वास्थ्य में महत्वपूर्ण सुधार मिलने वाला है.
मेष राशि
मेष राशि से शनि बारहवें भाव में मार्गी होंगे. अब तक बढ़े हुए खर्चे, मानसिक तनाव, और स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएं जो आपको परेशान कर रही थीं, उनसे राहत मिलने लगेगी. विदेश से जुड़े काम, दूर स्थानों पर नौकरी के अवसर, तथा ट्रांसफर के मामलों में सफलता मिल सकती है. करियर में मेहनत का सकारात्मक फल मिलेगा, व्यवसाय में विस्तार की संभावना बनेगी. छात्र यदि आलस्य छोड़ दें तो पढ़ाई में अच्छे परिणाम मिलेंगे.
वृषभ
वृष राशि से शनि ग्यारहवें भाव में मार्गी होंगे और यह आप पर विशेष रूप से धन लाभ देने वाली स्थिति बनाएगा. रुका हुआ पैसा लौटेगा, अटके कार्य प्रगति पकड़ेंगे. नौकरी में प्रमोशन के संकेत मजबूत होंगे. व्यापारियों को लाभ के अवसर मिलेंगे. छात्रों को मन को भटकने से रोकना होगा.
मिथुन

Aaj 21 March 2026 का पंचांग (Aaj ka Panchang): 21 मार्च 2026, दिन- शनिवार, चैत्र मास, शुक्ल पक्ष, तृतीया तिथि 23.56 बजे तक फिर चतुर्थी तिथि, अश्विनी नक्षत्र, चंद्रमा- मेष में, सूर्य- मीन में, अभिजित मुहूर्त- दोपहर 12.04 बजे से दोपहर 12.53 बजे तक, राहुकाल- सुबह 09.26 बजे से सुबह 10.57 बजे तक, दिशा शूल- पूर्व.

तेहरान में युद्ध के बीच 'काली बारिश' हो रही है. यह इतनी खतरनाक है कि इसके संपर्क में आने से लोगों की तुरंत मौत हो सकती है या फिर लंबे समय के लिए लोग बीमार पड़ सकते हैं. ईरान की राजधानी तेहरान में अमेरिकी-इजरायली हवाई हमलों से ईरान के तेल संयंत्र उड़ा दिए गए. इससे निकले जहरीले धुएं के बादल हवा में फैल गए हैं. तेल और जहरीले केमिकल व गैस से बने इन बादलों से ही 'काली बारिश' हो रही है.











