
Rahul Dravid: 'मैं कोई बहाना नहीं बनाना चाहता', एजबेस्टन टेस्ट में हार पर टीम इंडिया के कोच राहुल द्रविड़
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इंग्लैंड ने एजबेस्टन टेस्ट में भारतीय टीम को 7 विकेट से हराया. इस नतीजे के बाद दोनों टीमों के बीच पांच मैचों की टेस्ट सीरीज 2-2 से ड्रॉ पर खत्म हुई...
Rahul Dravid: भारतीय टीम को एजबेस्टन टेस्ट में करारी हार झेलनी पड़ी है. मैच में पहले तीन दिन बैकफुट पर रहने वाली इंग्लैंड ने टीम इंडिया को 7 विकेट से करारी शिकस्त दी. इंग्लिश टीम ने 378 रनों का टारगेट हासिल कर रिकॉर्ड भी बनाया है. यह भारतीय टीम की सबसे करारी शिकस्त में से एक है.
इस हार के बाद टीम इंडिया के कोच राहुल द्रविड़ ने कहा कि हमारे पास इस टेस्ट मैच को जीतने का पूरा मौका था, लेकिन हम इसे भुना नहीं सके. दूसरी पारी में गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों ही खराब रही हैं. हार के बाद मैं कोई बहाना नहीं बनाना चाहता.
'कुछ महीनों में हम जीत के मामले में पिछड़ रहे'
द्रविड़ ने कहा, 'साउथ अफ्रीका के बाद एजबेस्टन में भी हमारे पास जीतने के काफी मौके थे, पर हम उनको भुना नहीं सके. मुझे लगता है कि इस तरह की समस्या काफी बड़ी है, जिस पर ध्यान देने की जरूरत है. पिछले कुछ सालों में हम बेहतर रहे, लेकिन पिछले कुछ महीनों में हम जीत के मामले में पिछड़ रहे हैं. हमें जीत के प्रदर्शन को वापस लाना होगा. साथ ही फिटनेस के मामले में भी काम करना होगा.'
'मैं पिछले साल टीम का हिस्सा नहीं था'
भारतीय कोच ने कहा, 'दूसरी पारी में हमारी बैटिंग अच्छी नहीं रही. इसका स्तर कुछ खास नहीं रहा. देखा जाए, तो पहली पारी में हमारी बैटिंग और बॉलिंग शानदार रही, लेकिन दूसरी पारी में हम इसे बरकरार नहीं रख सके. हार पर मैं कोई बहाना नहीं बनाना चाहता. मगर मैं पिछले साल टीम का हिस्सा नहीं था. शायद उस वक्त इंग्लैंड टीम कुछ अलग थी. हालांकि अभी वो न्यूजीलैंड के खिलाफ लगातार तीन जीत के साथ आए थे.'

2003 के क्रिकेट वर्ल्ड फाइनल में भारतीय टीम खिताब जीतने के लिए मैदान पर उतरी थी, लेकिन कुछ ही घंटों में ये सपना टूट गया था. रिकी पोंटिंग की तूफानी पारी, वीरेंद्र सहवाग की अकेली जंग और 'स्प्रिंग बैट' की रहस्यमयी अफवाहों ने इस मुकाबले को सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि क्रिकेट इतिहास की सबसे चर्चित और यादगार कहानी बना दिया.












