
Partygate विवाद में ब्रिटिश पीएम जॉनसन ने मांगी माफी, जानिए क्या मामला
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बोरिस जॉनसन ने कहा, मैंने जुर्माना भर दिया है और मैं पूर्ण रूप से माफी मांगता हूं. दरअसल, ये मामला डाउनिंग स्ट्रीट में कोरोना नियमों को तोड़कर पार्टियां आयोजित करने से जुड़ा था. इसे Partygate घोटाले के रूप में जाना जाता है.
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने मंगलवार को इस बात की पुष्टि की है कि उन्होंने Partygate मामले में जुर्माना भरा है. साथ ही उन्होंने इसके लिए पूर्ण रूप से माफी भी मांगी. दरअसल, कोरोना लॉकडाउन प्रतिबंधों का पालन न करने पर बोरिस जॉनसन पर स्कॉटलैंड यार्ड द्वारा जुर्माना लगाया गया था.
ये मामला डाउनिंग स्ट्रीट में कोरोना नियमों को तोड़कर पार्टियां आयोजित करने से जुड़ा था. इसे Partygate घोटाले के रूप में जाना जाता है. बोरिस जॉनसन ने कहा, मैंने जुर्माना भर दिया है और मैं पूर्ण रूप से माफी मांगता हूं. वहीं, इस्तीफा मांगे जाने के सवाल पर उन्होंने कहा, मुझे जो जनादेश मिला है, उसे जारी रखने, पूरा करने में सक्षम हूं. लेकिन मैं उन समस्याओं को भी खत्म करना चाहता हूं, जिनका देश अभी सामना कर रहा है. उन्होंने कहा, मेरा मानना है कि देश के लोग आगे बढ़ें और इस देश के लोगों के लिए काम करें और मैं यही कर रहा हूं.
क्या है पार्टीगेट मामला?
कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए लगाए गए लॉकडाउन के बीच 19 जून, 2020 को जॉनसन 56 साल के हुए थे. इस दौरान डाउनिंग स्ट्रीट में जॉनसन की पत्नी कैरी द्वारा पार्टी का आयोजन किया गया था. आरोप है कि इस कार्यक्रम में करीब 30 लोग शामिल हुए थे. लेकिन उस वक्त कोरोना लॉकडाउन लागू था, और कार्यक्रमों में दो से अधिक लोगों के शामिल होने की अनुमति नहीं थी. इस पूरे विवाद को पार्टीगेट घोटाला नाम दिया गया. विपक्ष लगातार इस मामले में ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन का इस्तीफा भी मांगता रहा है.
कोरोना प्रतिबंधों के वक्त डाउनिंग स्ट्रीट में कैबिनेट रूम में हुई पार्टी को लेकर बोरिस जॉनसन, उनकी पत्नी समेत कई लोगों पर जुर्माना लगाया गया था. जॉनसन ने पहले कहा था कि डाउनिंग स्ट्रीट में सरकारी गाइडलाइन का पालन किया था. इससे पहले यूके पीएम बोरिस जॉनसन की पत्नी कैरी जॉनसन ने पुष्टि की थी कि उन्होंने इस मामले में जुर्माना भरा है और माफी मांगी है.
बताया जा रहा है कि जॉनसन को सबसे अधिक 200 पाउंड का जुर्माना नोटिस दिया गया था, जो कि पार्किंग टिकट के समान था. जुर्माने के भुगतान के बाद इसे कोर्ट में चुनौती नहीं दी जा सकती. वहीं, विपक्ष ने इस मामले में जॉनसन के इस्तीफे की मांग की थी. विपक्ष का कहना था कि नोटिस भेजने से साफ होता है कि जॉनसन ने नियमों को तोड़ा.

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