
अमेरिका को सता रहा 'पब्लिक चार्ज' का डर! 75 देशों पर लगे वीजा बैन की Inside Story
AajTak
अमेरिका ने 21 जनवरी से 75 देशों के लिए इमिग्रेंट वीजा प्रक्रिया पर अनिश्चितकालीन रोक लगाकर सख्ती बढ़ा दी है. हैरानी की बात यह है कि इस लिस्ट में पाकिस्तान-बांग्लादेश के साथ कुवैत, थाईलैंड और ब्राजील जैसे देश भी शामिल हैं. इस फैसले ने मानदंडों को लेकर विशेषज्ञों और प्रवासियों के बीच नई बहस छेड़ दी है.
कानूनी अप्रवासियों पर शिकंजा कसने के लिए, अमेरिका ने 21 जनवरी से 75 देशों में Immigrant Visa प्रक्रिया को अनिश्चितकाल के लिए निलंबित करने का ऐलान किया है. हालांकि, इस लिस्ट में शामिल कुछ देशों के नाम ने लोगों को चौंकाया और इस लिस्ट को तैयार करने के मानदंडों पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
बता दें कि Immigrant Visa वह वीजा होता है, जिसके जरिए कोई व्यक्ति किसी दूसरे देश में स्थायी रूप से रहने (Permanent Residency) के इरादे से जाता है.
पाकिस्तान, बांग्लादेश, लीबिया, ईरान, म्यांमार, सूडान और अन्य संघर्षों में उलझे देशों को लिस्ट में शामिल करना ठीक है, लेकिन कुवैत जैसे समृद्ध देशों, या थाईलैंड और भूटान जैसे वैश्विक स्तर पर अच्छी प्रतिष्ठा वाले देशों, साथ ही कुछ बाल्कन देशों का लिस्ट में नाम होना हजम नहीं हो रहा. यहां तक कि ब्राजील का नाम भी कई लोगों के लिए हैरानी की बात है.
अमेरिकी विदेश विभाग की तरफ से जारी की गई इस नई लिस्ट ने विशेषज्ञों और प्रवासियों दोनों के बीच भ्रम और बहस को जन्म दिया है.
उदाहरण के लिए, लेखक-पत्रकार सदानंद धूमे ने कहा कि वे 'अमेरिकी विदेश विभाग की (अस्थायी) वीजा प्रतिबंध लिस्ट में कुवैत, थाईलैंड, ब्राजील और उरुग्वे को देखकर आश्चर्यचकित थे.'
'ये अपेक्षाकृत समृद्ध देश हैं. पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल को लिस्ट में देखकर मुझे आश्चर्य नहीं हुआ. भूटान एक दिलचस्प मामला है. अमेरिका में कई भूटानी शरणार्थी जातीय नेपाली हैं जिन्हें 1990-92 में भूटान से निष्कासित कर दिया गया था,' धूमे ने X पर पोस्ट किया.

ईरान UAE के शहरों पर भीषण हमले कर रहा है. दुबई मॉल के आसपास स्थित पुलों पर अब बिल्कुल सन्नाटा पसरा हुआ है. रात के 11 बजे होने के बावजूद वहां लोग नहीं दिख रहे हैं जो आमतौर पर बहुत भीड़ होती थी. यहां के प्रसिद्ध रेस्टोरेंट पहले फुटबॉल मैच देखने वालों से भरे रहते थे और जगह कम पड़ जाती थी. लेकिन अब वहां केवल कुछ ही लोग हैं और रेस्टोरेंट के अंदर भी भीड़ बिलकुल नहीं है. बुर्ज खलीफा के पास का इलाका भी पूरी तरह शांत है, जहां कभी शोर शराबा होता था, अब वहां एकदम सन्नाटा है. देखें वीडियो.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के खिलाफ उनका ऑपरेशन पूरी ताकत से जारी है. उन्होंने बताया कि अब तक 7,000 से अधिक ईरानी सैन्य ठिकानों और अन्य महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाया जा चुका है. ट्रंप ने कहा कि मिसाइल और ड्रोन फैक्ट्रीज सहित सभी सैन्य ठिकानों को नुकसान पहुंचाया गया है, और ईरान की नेवी और एयर फोर्स को भी पूरी तरह खत्म कर दिया गया है. देखें वीडियो.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से तेल के बाजार में उथल-पुथल मची है. ट्रंप की मुश्किल ये है कि कुछ महीने बाद नवंबर में अमेरिका में मिडटर्म चुनाव होने हैं. जिसे देखते हुए ट्रंप की पार्टी के ही लोग इकॉनमी पर उनसे ज्यादा ध्यान देने की मांग कर रहे हैं. तेल के दाम बढ़ने से अमेरिका में महंगाई भी धीरे धीरे बढ़ रही है. ऐसे में अगर ये युद्ध लंबा खिंचता है तो इससे ट्रंप की सियासी मुसीबत बढ़नी तय हैं. देखें वीडियो.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे बिना भारतीय दूतावास की अनुमति और संपर्क के किसी भी जमीनी सीमा को पार करने की कोशिश न करें. दूतावास ने चेतावनी दी है कि ऐसा करने पर लोगों को गंभीर लॉजिस्टिक और इमीग्रेशन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. यह सलाह अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद बढ़े तनाव के बीच जारी की गई है. दूतावास ने भारतीयों से आधिकारिक संपर्क में रहने और हेल्पलाइन नंबरों पर मदद लेने की अपील की है. दूतावास ने कहा, 'हमें बताए बिना ईरान न छोड़ें'. दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किया है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.







