
Pakistan: 'किसी भी हालत में इस्तीफा नहीं दूंगा', अविश्वास प्रस्ताव से पहले इमरान खान की दो टूक
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इमरान खान ने कहा कि सेना पर लगातार हमला करना और उसकी आलोचना करना गलत है क्योंकि एक शक्तिशाली सेना पाकिस्तान के लिए महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा, 'अगर सेना यहां नहीं होती तो देश तीन हिस्सों में बंट जाता. राजनीति के लिए सेना की आलोचना नहीं होनी चाहिए.'
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने बुधवार को कहा कि वह शुक्रवार को होने वाले अविश्वास प्रस्ताव से पहले किसी भी परिस्थिति में इस्तीफा नहीं देंगे. जियो न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, इस्लामाबाद में पत्रकारों से बातचीत करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि विपक्ष के सारे प्रयासों के बावजूद उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव सफल नहीं होगा.
इमरान खान ने कहा, "मैं किसी भी परिस्थिति में इस्तीफा नहीं दूंगा. मैं आखिरी गेंद तक खेलूंगा और एक दिन पहले मैं उन्हें आश्चर्यचकित कर दूंगा क्योंकि वे अभी भी दबाव में हैं." जियो न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, नेशनल असेंबली के अध्यक्ष असद कैसर ने 25 मार्च को अविश्वास प्रस्ताव के लिए सत्र बुलाया है और NA नियमों के अनुसार मतदान तीन दिनों के बाद और सात दिनों के भीतर होना है.
मैंने अभी अपना ट्रंप कार्ड ही नहीं खोला है: इमरान खान
पाकिस्तान के पीएम खान ने कहा कि मैंने अभी अपना तुरुप का पत्ता ही खोला है. उन्होंने कहा कि मैंने अविश्वास प्रस्ताव को विफल करने की कसम खाई थी. विपक्ष ये धारणा न बनाए कि मैं घर पर चुपचाप बैठ जाऊंगा. क्या चोरों के दबाव के कारण मुझे इस्तीफा देना चाहिए? जियो न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने यह भी दोहराया कि सेना के साथ उनके अब तक के अच्छे संबंध हैं.
खान ने विपक्ष को यह भी चेतावनी दी कि अगर वह पद से हटते हैं तो वह चुप नहीं रहेंगे. मैं अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं करूंगा, भले ही मेरी सरकार हटा दी जाए. मैं लोगों और भगवान को धोखा नहीं दे सकता. उन्होंने यह भी दावा किया कि उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ की लोकप्रियता में वृद्धि देखी गई है. उन्होंने कहा, '60-65 फीसदी लोग मेरे साथ खड़े हैं.

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