
ICC की वर्ल्ड कप प्लेइंग-11 घोषित... चैम्पियन कप्तान को किया बाहर, इन 6 भारतीयों को मिली जगह
AajTak
ICC ने वर्ल्ड कप 2023 की अपनी एक प्लेइंग-11 घोषित कर दी है. करीब डेढ़ महीने चले इस टूर्नामेंट में दमदार प्रदर्शन के आधार पर आईसीसी ने अपनी प्लेइंग-11 में 6 भारतीय खिलाड़ियों को जगह दी है. हैरानी की बात है कि इसमें से चैम्पियन ऑस्ट्रेलियाई टीम के कप्तान पैट कमिंस को ही बाहर रखा गया है.
इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने वर्ल्ड कप 2023 की अपनी एक प्लेइंग-11 घोषित कर दी है. करीब डेढ़ महीने चले इस टूर्नामेंट में दमदार प्रदर्शन के आधार पर आईसीसी ने अपनी प्लेइंग-11 में 6 भारतीय खिलाड़ियों को जगह दी है.
हैरानी की बात है कि इसमें से चैम्पियन ऑस्ट्रेलियाई टीम के कप्तान पैट कमिंस को ही बाहर रखा गया है. आईसीसी ने अपनी इस प्लेइंग-11 का कप्तान रोहित शर्मा को बनाया है.
रोहित के अलावा बाकी 5 भारतीयों में विराट कोहली, केएल राहुल, रवींद्र जडेजा, जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद शमी शामिल हैं. जबकि 12वें खिलाड़ी के तौर पर साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज गेलार्ड कोएत्जी को रखा गया है.
पाकिस्तान-इंग्लैंड का एक भी प्लेयर नहीं
इस प्लेइंग-11 में भारतीयों के अलावा साउथ अफ्रीका के विकेटकीपर ओपनर क्विंटन डिकॉक को भी जगह मिली है. जबकि चैम्पियन ऑस्ट्रेलियाई टीम के दो ही प्लेयर को प्लेइंग-11 में जगह मिली है. यह स्पिनर ऑलराउंडर ग्लेन मैक्सवेल और स्पिनर एडम जाम्पा हैं.
इनके अलावा न्यूजीलैंड के डेरेल मिचेल को मिडिल ऑर्डर में जगह मिली है. गेंदबाजी में श्रीलंका के तेज गेंदबाज दिलशान मदुशंका को प्लेइंग-11 में चुना गया है. दूसरी ओर पाकिस्तान, अफगानिस्तान, इंग्लैंड, नीदरलैंड्स और बांग्लादेश के एक भी प्लेयर को जगह नहीं दी गई.

माघ मेले के दौरान चोटी खींचने की घटना को लेकर उत्तर प्रदेश की राजनीति गरमाई है. डिप्टी मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने इस घटना को पूरी तरह से गलत और महापाप बताया है. उन्होंने इस कृत्य की निंदा करते हुए बटुकों को बुलाकर उनका सम्मान किया है. इस घटना को लेकर सियासत तेज हो गई है और अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधा है. इस मामले में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है, जिससे माहौल और गरमाता दिखाई दे रहा है.

दिल्ली में आयोजित AI समिट में बेहतर भविष्य की चर्चाएं हो रही हैं, लेकिन वहीं राजनीतिक पार्टियां इस तकनीक को हथियार बनाकर आमने-सामने आ गई हैं. कांग्रेस ने AI का एक वीडियो जारी किया, जिसमें लोकसभा स्पीकर का मजाक उड़ाया गया, जिसे बीजेपी ने सदन की अवमानना माना और शिकायत दर्ज कराई. कांग्रेस के तीन नेताओं को नोटिस भेजा गया. दोनों पार्टियां AI वीडियो का इस्तेमाल कर विपक्षी नेताओं पर आरोप-प्रत्यारोप कर रही हैं.

ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बीजेपी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि बीजेपी में दो विचारधाराएं दिख रही हैं और बटुकों के सम्मान को डैमेज कंट्रोल बताया. गोरक्षा के मुद्दे पर उन्होंने 40 दिन का समय दिया था, जिसमें 20 दिन शेष हैं. समय पूरा होने पर स्थिति साफ़ करने की बात कही है.

अब महाराष्ट्र सरकार ने उस पुराने अध्यादेश से जुड़े आखिरी प्रशासनिक आदेश भी वापस ले लिए हैं. यानी जो थोड़ी-बहुत औपचारिक संरचना बची थी, उसे भी खत्म कर दिया गया है. जमीन पर तुरंत कोई बदलाव नहीं होगा, क्योंकि यह आरक्षण पहले से लागू नहीं था. न शिक्षा में इसका फायदा मिल रहा था, न नौकरियों में. लेकिन कानूनी और राजनीतिक रूप से यह एक बड़ा संकेत है.

इंडिया टुडे की OSINT (ओपन सोर्स इंटेलिजेंस) टीम ने इंस्टाग्राम और यूट्यूब के 50 से ज्यादा ऐसे अकाउंट खंगाले, जहां स्टंट और हादसों के वीडियो डालकर एंगेजमेंट बढ़ाया जा रहा है. कई अकाउंट पहले से कमाई कर रहे हैं या उसकी तैयारी में हैं. सबसे खतरनाक बात ये है कि इसका असर सिर्फ स्क्रीन तक सीमित नहीं है, इससे सड़क पर चलने वाले आम लोगों की जान भी खतरे में पड़ रही है.

लॉरेंस बिश्नोई और हाशिम बाबा गैंग के सुप्रीम गैंगस्टर महफूज जिसे बॉबी कबूतर के नाम से जाना जाता है, को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया है. पहले ही दिन बॉबी कबूतर को पुलिस ने पकड़ लिया था और अब उसकी गर्लफ्रेंड खुशनुमा अंसारी उर्फ नेहा को भी ढूंढ़ कर गिरफ्तार किया गया है. खुशनुमा और बॉबी कबूतर दोनों ने लंबे समय तक पुलिस को छकाया था, लेकिन अब उनकी गिरफ्तारी से पुलिस महफूज गैंग पर बड़ा वार करने में कामयाब रही है.







