
Ground Report: क्लस्टर बम और मिसाइलों की बौछार! ईरान कर रहा इजरायल पर लगातार वार
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इजरायल पर ईरान लगातार क्लस्टर बमों से हमला कर रहा है. जिन्हें वो बैलिस्टिक मिसाइल की मदद से इस्तेमाल कर रहा है. क्लस्टर बम एक ऐसा हथियार होता है जो हवा में जाकर कई छोटे-छोटे बमों में टूट जाता है.
मिडिल ईस्ट में जंग थमने का नाम नहीं ले रही हैं, जंग आज 12वें दिन में प्रवेश कर चुकी है. तेल अवीव और येरुशलम पर अब तक चार बार मिसाइलों की बौछार हो चुकी है. पिछले कुछ दिनों की तुलना में ये हमले ज्यादा तीव्र हैं, क्योंकि पहले ज़्यादातर हमलों का फोकस उत्तरी सीमा पर था. इजरायल पर ईरान लगातार क्लस्टर बम से हमला कर रहा है. जिन्हें वो बैलिस्टिक मिसाइल के जरिए हमले में इस्तेमाल कर रहा है.
वहीं, व्हाइट हाउस ये बताने में जुटा है कि ईरान में भले अली खामेनेई के बाद मोजतबा खामेनेई आ जाएं लेकिन अमेरिकी ताकत को चुनौती कोई नहीं दे सकता. अमेरिका ईरान पर हमले करके ये तो बताता है कि वो युद्ध जीतने वाला है. लेकिन अमेरिका ये नहीं बताता है कि ईरान की मिसाइलों को रोकने में इजरायल का सुरक्षा चक्र फेल हो रहा है. ईरान की तरफ से मिसाइल के साथ क्लस्टर बम तक से लगातार इजरायल पर वार हो रहा है. इजरायल में तेल अवीव में जहां धमाका ईरान के क्लस्टर बम वाले हमले से होता है, वहीं से आजतक संवाददाता श्वेता सिंह रिपोर्ट कर रही हैं.यह भी पढ़ें: लेबनान से Exclusive ग्राउंड रिपोर्ट: चारों ओर तबाही का मंजर! 400 मौतें, 5 लाख लोग बेघरक्या होता है क्लस्टर बम?
क्लस्टर बम एक ऐसा हथियार होता है जो हवा में जाकर कई छोटे-छोटे बमों में टूट जाता है. एक बड़े बम के अंदर दर्जनों या कभी-कभी सैकड़ों छोटे बम होते हैं. जमीन पर पहुंचने से पहले ही वो 10, 20, 50 या कभी-कभी सैकड़ों छोटे-छोटे बमों में बिखर जाता है और एक बड़े एरिया में गिरकर विस्फोट करता है. इस वजह से इसका असर सामान्य बमों के मुकाबले कई गुना ज्यादा इलाके में होता है. यही कारण है कि इसे बेहद खतरनाक हथियार माना जाता है, जिसे बैलिस्टिक मिसाइल के जरिए लगातार इस युद्ध में ईरान की तरफ से इजरायल पर गिराया जा रहा है.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे बिना भारतीय दूतावास की अनुमति और संपर्क के किसी भी जमीनी सीमा को पार करने की कोशिश न करें. दूतावास ने चेतावनी दी है कि ऐसा करने पर लोगों को गंभीर लॉजिस्टिक और इमीग्रेशन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. यह सलाह अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद बढ़े तनाव के बीच जारी की गई है. दूतावास ने भारतीयों से आधिकारिक संपर्क में रहने और हेल्पलाइन नंबरों पर मदद लेने की अपील की है. दूतावास ने कहा, 'हमें बताए बिना ईरान न छोड़ें'. दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किया है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.

मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल के शहर तेल अवीव पर मिसाइल हमला हुआ है. सोशल मीडिया और सीसीटीवी फुटेज में वो पल कैद हुआ है जब ईरान की मिसाइल तेल अवीव की एक सड़क पर आकर गिरती दिखाई देती है. इज़रायल पुलिस के मुताबिक इस हमले में क्लस्टर वारहेड का इस्तेमाल किया गया, जिससे कई छोटे बम अलग-अलग जगहों पर गिरकर फटे और आसपास के कई इलाकों को नुकसान पहुंचा. देखें वीडियो.

क्या ईरान युद्ध में अमेरिका फंस गया है? स्ट्रेट ऑफ होर्मुज ट्रंप के लिए अब बड़ी चुनौती बन गया है. ट्रंप दावे तो बहुत करते हैं, लेकिन हकीकत ये है कि होर्मुज समुद्री मार्ग अभी भी बंद है. ईरान जिसे चाहता है उसके जहाज जाने देता है. बिना ईरान की सहमति के कोई जहाज वहां से नहीं निकल सकता. देखें श्वेता सिंह की ये रिपोर्ट.








