
Cyclone Ditwah: टूट गईं सड़कें, मलबे में दबे घर, 56 लोगों की मौत...देखें श्रीलंका में बाढ़-भूस्खलन से मची तबाही
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Cyclone Ditwah ने श्रीलंका में भारी तबाही मचाई है. बाढ़-भूस्खलन में अब तक 56 लोगों की मौत हो चुकी है.कई घर बह गए हैं और सड़कें टूट गई हैं. सरकार ने पूरे देश में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है और राहत कार्य जारी है. तूफान दित्वा अब भारत के तटवर्ती राज्यों की ओर बढ़ रहा है.
चक्रवाती तूफान दित्वा (Cyclone Ditwah) ने श्रीलंका में भारी तबाही मचाई है. तूफान के कारण शुक्रवार को हुई भारी बारिश के बाद आई बाढ़ और भूस्खलन में अब तक 56 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 23 लोग लापता बताए जा रहे हैं. हालात को देखते हुए सरकार ने शुक्रवार को पूरे देश में सार्वजनिक अवकाश घोषित कर दिया है. सिर्फ जरूरी सेवाओं (जैसे अस्पताल, बिजली, पुलिस) में लगे कर्मचारियों को ही काम पर आना है.
डिजास्टर मैनेजमेंट सेंटर (DMC) के अनुसार, श्रीलंका में पिछले 72 घंटों में ही 46 लोगों की जान गई है. बताया जा रहा है कि श्रीलंका में अधिकतर मौतें भूस्खलन के कारण हुई हैं क्योंकि एक दिन में ही द्वीप के पूर्वी और मध्य क्षेत्रों में 300 मिमी (11.8 इंच) से अधिक बारिश हुई है.
43 हजार से ज्यादा लोग प्रभावित
श्रीलंका के कई जिलों में रेड अलर्ट जारी है. सेना और राहत टीमें दिन-रात बचाव कार्य में जुटी हैं. सरकार ने लोगों से अपील की है कि बिना जरूरत के घर से बाहर न निकलें. पूरे द्वीप पर मौसम अभी भी खराब बना हुआ है और बारिश जारी है.
मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है. ऐसे में मरने वालों और लापता लोगों की संख्या अभी और बढ़ने की आशंका है. श्रीलंका के लोग इस मुश्किल घड़ी में एक-दूसरे की मदद कर रहे हैं. पड़ोसी देश भी मदद के लिए आगे आ रहे हैं. उम्मीद है जल्द ही हालात काबू में आ जाएंगे. बता दें कि दित्वा तूफान अब भारत के तटवर्ती राज्यों की ओर बढ़ रहा है.
श्रीलंका में आई आपदा पर पीएम मोदी ने जताया दुख चक्रवाती तूफान के चलते श्रीलंका में जानमाल के नुकसान को लेकर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है. साथ ही उन्होंने अपने पड़ोसी देश को मदद करने का ऐलान किया है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, 'श्रीलंका के उन लोगों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है, जिन्होंने चक्रवाती तूफान दित्वा की वजह से अपने प्रियजनों को खो दिया है. मैं सभी प्रभावित परिवारों की सुरक्षा और जल्दी ठीक होने की प्रार्थना करता हूं.'

लेकिन अब ये कहानी उल्टी घूमने लगी है और हो ये रहा है कि अमेरिका और चीन जैसे देशों ने अमेरिका से जो US BONDS खरीदे थे, उन्हें इन देशों ने बेचना शुरू कर दिया है और इन्हें बेचकर भारत और चाइना को जो पैसा मिल रहा है, उससे वो सोना खरीद रहे हैं और क्योंकि दुनिया के अलग अलग केंद्रीय बैंकों द्वारा बड़ी मात्रा में सोना खरीदा जा रहा है इसलिए सोने की कीमतों में जबरदस्त वृद्धि हो रही हैं.

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