
विपक्ष के नाम 26 दल जुटे मगर किसकी अगुवाई में होगी लड़ाई?
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बेंगलुरु में विपक्षी जुटान में कौन-कौन पहुंचा,ट्रांसफर-पोस्टिंग के विवाद पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा,भारत आपदाओं के इंश्योरेंस में क्यों पीछे है और कूनो में कैसे मरे चीते? सुनिए 'दिन भर' में.
कर्नाटक के बैंगलुरु में आज विपक्ष की महजुटान शुरू हुई. बिहार के पटना में 23 जून को हुई बैठक के बाद ये दूसरी ऐसी बैठक है जिसमें इतनी बड़ी संख्या में विपक्षी पार्टियां जुटी हैं. पटना में 15 पार्टियों की जुटान के बाद दावा किया गया है कि इस बैठक में 26 दल जुटे हैं. एक बात और, पिछली बैठक में आम आदमी पार्टी की नाराज़गी हेडलाइंस बना रही थीं लेकिन इस बार सब स्लेट साफ करके पहुंच रहे हैं. सीटों का बंटवारा, गठबंधन का नया नाम और कई ऐसी बातें हैं जिन पर इस बैठक में फैसले होने हैं. तो कुल मिला कर 2024 के लिए विपक्ष की तस्वीर कैसी होगी इसका खाका इस बैठक के बाद थोड़ा साफ होगा. पार्टियों के बीच ये brainstorming सेशन कैसा रहा, ग्राउंड से क्या अपडेट्स मिल रहे हैं? सुनिए ‘दिन भर’ में.
दिल्ली में ट्रांसफर पोस्टिंग के अधिकारों से जुड़ा केंद्र का एक अध्यादेश पिछले दिनों चर्चा में था. इसे लेकर आम आदमी पार्टी ने तलवार खींच ली थी. कांग्रेस ने आप का समर्थन इस मुद्दे पर कर दिया, उधर सुप्रीम कोर्ट ने भी इसी मुद्दे पर आज अहम सुनवाई की. कोर्ट ने कहा कि हम इस मामले को संविधान पीठ के पास भेजना चाहते हैं. दिल्ली सरकार की तरफ़ से वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने मांग की थी कि इस अध्यादेश पर स्टे लगाया जाए. उनकी दलील थी कि अध्यादेश के जरिए एलजी को अधिकारियों के ट्रांसफर-पोस्टिंग की शक्ति देना सुप्रीम कोर्ट के ही फैसले के खिलाफ है. कोर्ट ने कहा चूंकि दोनों पक्ष संवैधानिक पदों पर हैं और संविधान का हवाला देकर दावा कर रहे हैं इसलिए इसे संविधान पीठ को ही सुनना चाहिए. तो अब आज अदालत की अहम टिप्पणियों के बाद ये मामला संविधान पीठ के पास जा सकता है। अगली सुनवाई 20 जुलाई को होनी है. कोर्ट में इस सुनवाई के दौरान और क्या निर्देश दिए गए और संविधान पीठ जो इस मामले को सुनेगी उसका स्वरूप क्या होगा? सुनिए ‘दिन भर’ में.
टूटे हुए पेड़ो से ब्लॉक्ड सड़कें और आसमान में फटते बादल, लगातार बारिश के बाद कुछ ऐसा ही है हिमाचल का सूरत - ए – हाल. और ऐसा सिर्फ हिमाचल में नहीं हो रहा, तमाम राज्य मॉनसून की बारिश का असर भुगत रहे हैं. राजधानी दिल्ली में यमुना नदी का जल स्तर कुछ घटा तो है लेकिन अब उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के इलाकों में गंगा नदी खतरे के निशान के ऊपर आ गई है. इसके अलावा एक और तस्वीर है आंकड़ों की. एसबीआई की एक रिसर्च रिपोर्ट Ecowrap बताती है कि बाढ़ और बिपरजोय तूफान जैसी प्राकृतिक आपदाओं से देश भर में अब तक लगभग 10,000 से 15,000 करोड़ रुपए का आर्थिक नुकसान हुआ है। पूरी दुनिया में यूएस और चीन के बाद प्राकृतिक आपदाएं भुगतने की लिस्ट में भारत का तीसरा स्थान है। साल 2001 से 2022 तक में भारत ने 361 प्राकृतिक आपदाएं झेली हैं. दुनिया भर में साल 2022 के अंदर आपदाओं से 275 बिलियन डॉलर का नुकसान हुआ लेकिन इस राशि में से 125 बिलियन डॉलर का अमाउंट इंश्योरेंस में कवर्ड था। अब भारत का डेटा देखते हैं। 2020 में प्राकृतिक आपदाओं से टोटल 7.5 बिलियन का नुकसान हुआ था, इस राशि में केवल 11 प्रतिशत का इंश्योरेंस था. क्यों है भारत में प्राकृतिक आपदाओं के लिए इंश्योरेंस में ये प्रोटेक्शन गैप और इसकी मार कौन से सेक्टर्स सबसे ज़्यादा झेलते हैं? सुनिए ‘दिन भर’ में.

यूपी सरकार अवैध निर्माण के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है. श्रावस्ती, आगरा और मुजफ्फरनगर में अवैध निर्माणों के खिलाफ बुलडोजर चलाया जा रहा है. खासकर अतिक्रमण क्षेत्र में कड़ी निगरानी के साथ बुलडोजर कार्रवाई तेज हुई है. सरकार का यह कदम अवैध निर्माण रोकने और नियम कानून का पालन सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

प्रयागराज में भारतीय वायुसेना के एक ट्रेनी माइक्रोलाइट विमान हादसे का शिकार हो गया. विमान शहर के बीचों-बीच एक तालाब में गिर गया. यह दुर्घटना केपी कॉलेज के पीछे हुई, जिससे इलाके में काफी अफरातफरी मची. हालांकि, राहत की बात यह रही कि विमान में सवार दोनों पायलट सुरक्षित निकाल लिए गए और उनकी जान बच गई. अधिकारी अभी इस हादसे के कारणों की जांच कर रहे हैं.

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा उपनेता प्रमोद तिवारी ने भाजपा के नए अध्यक्ष नितिन नबीन की नियुक्ति पर तीखा प्रहार किया है. उन्होंने इसे चुनाव नहीं, बल्कि चयन प्रक्रिया बताया जो लोकतंत्र के खिलाफ है. इधर नोएडा में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की गड्ढे में गिरकर मौत को उन्होंने हत्या करार दिया और नोएडा अथॉरिटी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए. देखिए.

दिल्ली में बैठक, महाराष्ट्र पर तोल-मोल, कल लॉटरी सिस्टम पर फैसला... अगले 24 घंटे मेयर रेस के लिए अहम
महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव के बाद अभी तक ये तय नहीं हो सका है कि किस शहर में किस पार्टी का मेयर होगा. मुंबई के बीएमसी से लेकर ठाणे तक मामले बीजेपी और शिंदे गुट के बीच फंसा हुआ है. यही वजह है कि मुंबई की लड़ाई का फैसला दिल्ली में होगा.

रज्जू भैया के पिताजी ने शास्त्री जी से कहा कि मेरा बड़ा पुत्र राजेंद्र विश्वविद्यालय में साइंस पढ़ाता है, वह आरएसएस का कार्यकर्ता है और नैनी जेल में है. रज्जू भैया ने अपने संस्मरणों में लिखा है कि, “शास्त्रीजी ने छूटते ही कहा, आप उसको समझाइए कुंवर साहब कि वह आरएसएस जैसी खतरनाक संस्था के साथ अपना संबंध न रखे.’ RSS के 100 सालों के सफर की 100 कहानियों की कड़ी में आज पेश है यही कहानी.

चंडीगढ़ क्राइम ब्रांच ने एक साहसिक ऑपरेशन के तहत आज सुबह लगभग छह बजे सेक्टर 39 स्थित जीरी मंडी के पास दो शूटर रॉकी और राहुल के साथ उनके एक साथी को गिरफ्तार किया है. आरोपी सेक्टर 32 के एक केमिस्ट शॉप में हुई फायरिंग घटना से जुड़े थे और उनका संबंध जालंधर में एक कारोबारी पर हुए हमले से भी है. पुलिस ने इस कार्रवाई में आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त इन व्यक्तियों को पकड़कर मामले की जांच शुरू कर दी है.

संभल के CJM विभांशु सुधीर का सुल्तानपुर तबादला हो गया है. उनके स्थान पर सिविल जज आदित्य सिंह को संभल का नया CJM नियुक्त किया गया है. विभांशु सुधीर का तबादला चर्चा में हैं क्योंकि उन्होंने संभल हिंसा मामले में ASP अनुज चौधरी और इंस्पेक्टर अनुज तोमर समेत कई पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज करने का आदेश दिया था. दिसंबर में उन्होंने संभल जिले की एक तीन साल पुरानी मुठभेड़ के मामले में भी कई पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज करने का निर्देश दिया था.






