
राजस्थान, हरियाणा, हिमाचल और पंजाब... 5 दिन तक देते रहे चकमा, लेकिन इस फोटो ने पकड़वा दिया सुखदेव गोगामेड़ी के कातिलों को
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Sukhdev Singh Gogamedi Murder Update: सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या करने वाले दोनों शूटर्स को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. पांच दिन तक दोनों पुलिस को चकमा देते रहे. लेकिन अब वो फोटो सामने आई है, जिसकी मदद से पुलिस उन्हें गिरफ्तार करने में कामयाब रही.
श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी (Sukhdev Singh Gogamedi) को गोली मारने वाले दोनों शूटर्स समेत तीन लोगों को पुलिस ने चंडीगढ़ (Chandigarh) से गिरफ्तार कर लिया है. तीसरा शख्स वो है जिसने दोनों शूटर्स का भागने में साथ दिया. पांच दिन तक दोनों शूटर्स पुलिस को चकमा देते रहे. चार राज्यों में घूमे. लेकिन एक तस्वीर ने उन्हें पकड़वा दिया. पुलिस के हवाले से वो तस्वीर सामने आई है, जिसकी मदद से पुलिस ने हत्यारों को ढूंढ निकाला.
यह तस्वीर हरियाणा के धारूहेड़ा रेलवे स्टेशन की है. दरअसल, जब वे लोग धारूहेड़ा रेलवे स्टेशन में थे तो सीसीटीवी कैमरे में उनकी तस्वीर कैद हो गई. जानकारी के मुताबिक, प्लान को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी डीडवाना भाग गए और वहां से फिर वे धारूहेड़ा पहुंचे. पहला सबूत पुलिस को धारूहेड़ा से ही बरामद हुआ. इसके बाद राजस्थान पुलिस ने दिल्ली स्पेशल सेल की मदद ली और दोनों के संभावित ठिकानों का पता लगाने के लिए मोनू मानेसर सहित भोंडसी जेल में बंद कुछ कैदियों से पूछताछ की.
उधर, आरोपी सड़क मार्ग से जयपुर से होते हुए डीडवाना-सुजानगढ़-धारूहेड़ा तक पहुंचे. फिर वे आगे बस से मनाली पहुंचे और वापस चंडीगढ़ के सेक्टर-22 आ गए और पकड़े गए. उनके साथ एक अन्य युवक उधम सिंह भी गिरफ्तार हुआ. यही वो शख्स था जिसने दोनों की भागने में मदद की. बता दें, दोनों आरोपियों ने हत्या करने के बाद हथियारों को छुपा दिया था. ताकि भागते समय ट्रेन या बस में चेकिंग के समय न पकड़े जा सकें.
हथियार छिपाए, लेकिन मोबाइल का करते रहे इस्तेमाल
लेकिन वे फरारी के दौरान मोबाइल का इस्तेमाल कर रहे थे. पुलिस आरोपियों तक टेक्निकल सर्विलांस के जरिए पहुंची. जब पुलिस आरोपियों के पास पहुंची तो तीनों साथ थे, जिसके बाद इनको गिरफ्तार किया गया. शूटर्स गैंगस्टर रोहित गोदारा के राइट हैंड वीरेंद्र चाहन और दानाराम के सम्पर्क में थे. वीरेंद्र चाहन और दानाराम के इशारे पर हत्या को अंजाम दिया गया था. पुलिस इन दोनों को गिरफ्तार करने की कोशिश में जुटी है. हत्या करने के बाद दोनों शूटर्स वीरेंद्र चाहन और दानाराम से लगातार बात कर रहे थे. हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपी राजस्थान से हरियाणा के हिसार पहुंचे, हिसार से मनाली गए और मनाली से चंडीगढ़ पहुंचे थे जहां से गिरफ्तारी हुई.
रोहित ने वीरेंद्र चरण को दी थी जिम्मेदारी

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