
यमुना का पानी, दिल्ली की बाढ़ और हथिनी कुंड बैराज... समझें राजधानी के 'जलप्रलय' की पूरी कहानी
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दिल्ली में बाढ़ से हालात बिगड़ गए हैं. यमुना का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. हरियाणा के हथिनी कुंड बैराज से लगातार पानी छोड़ा जा रहा है. ये पानी ही दिल्ली वालों के लिए हर साल मुसीबत बन जाता है. निचले इलाकों में यमुना नदी का कब्जा है. पूर्वी और उत्तर पूर्वी दिल्ली सबसे ज्यादा बाढ़ प्रभावित है. 41 हजार लोगों पर संकट आया है. लोगों को रिलीफ कैंपों में रखा गया है. केजरीवाल सरकार ने केंद्र से मदद मांगी है.
Delhi Flood News: दिल्ली में यमुना नदी उफान पर है और बाढ़ का खतरा बढ़ता जा रहा है. पानी डेंजर लेवल को क्रॉस कर गया है. 45 साल पुराना रिकॉर्ड भी टूट गया है. बुधवार तक यमुना में 208.53 मीटर तक पानी पहुंच गया. इससे पहले यमुना में 207.49 मीटर पानी पहुंचने का रिकॉर्ड था. बारिश के बाद नदी के आसपास रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है. आइए जानते हैं दिल्ली में यमुना की कहानी... यमुना में कहां-कहां से पानी आता है और यह नदी कहां से शुरू होती है? हथिनी बैराज से इतने जल्दी पानी क्यों आने लगा है? एक्सपर्ट ने बाढ़ के खतरे के लिए कौन-कौन से कारण बताए हैं?
दिल्ली की अभी स्थिति क्या है?
- दिल्ली को पानी देने वाले तीन वॉटर प्लांट बंद हो गए हैं. सीएम अरविंद केजरीवाल ने बताया कि पानी घुसने की वजह से दिल्ली के तीन वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट बंद किए गए हैं. 25% पानी नहीं मिलेगा. अगले 2 दिन तक दिल्ली में पानी की किल्लत होगी. - 2013 के बाद पहली बार पुराने रेलवे ब्रिज पर जल स्तर सुबह 4 बजे 207 मीटर के निशान को पार कर गया है. रात 11 बजे तक बढ़कर 208.08 मीटर हो गया था. गुरुवार सुबह तक 208.53 मीटर तक पहुंच गया. इसके और बढ़ने की उम्मीद है. - यमुना बैंक मेट्रो स्टेशन के बाहर पानी भर गया है. एंट्री और एग्जिट गेट बंद कर दिया गया है. हालांकि, इंटरचेंज सुविधा अभी भी उपलब्ध है. ब्लू लाइन पर सेवाएं सामान्य रूप से चल रही हैं. मेट्रो में अनाउंसमेंट किया जा रहा है. लक्ष्मी नगर या अक्षरधाम मेट्रो स्टेशन से आवागमन किए जाने की अपील की जा रही है. - यमुना के बढ़ते जल स्तर के कारण एहतियात के तौर पर नदी पर बने सभी चार मेट्रो पुलों से ट्रेनें 30 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से गुजर रही हैं. सभी रूट्स पर सेवाएं सामान्य हैं. - दिल्ली राज्य उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम ने गुरुवार को काम बंद रखा है. यहां जलभराव है. कर्मचारियों/वकीलों को पहुंचने में मुश्किल हो रही है. वकीलों का कहना है कि विकास मीनार और आईपी थर्मल पावर प्लांट के पास आजाद भवन के आसपास जलभराव है. - दिल्ली की सबसे बड़ी बुराड़ी ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी के दफ्तर में यमुना के बाढ़ का पानी घुस गया है. गुरुवार से ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी बंद रहेगी. लोगों से किसी भी काम के लिए दफ्तर नहीं पहुंचने की अपील की गई है. - रिंग रोड पर पानी आने के बाद कश्मीरी गेट जाने वाले रास्ते को दिल्ली पुलिस ने बंद कर दिया है. बुराड़ी-अलीपुर से आने ट्रैफिक को तिमारपुर की तरफ डायवर्ट किया गया है. - गुरुवार सुबह 8 बजे तक यमुना नदी का जलस्तर 208.48 सेंटीमीटर दर्ज किया गया है. खतरे के निशान से 3 मीटर 15 सेंटीमीटर ऊपर पानी पहुंच गया है. - केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) ने इसे एक्सट्रीम सिचुएशन करार दिया है. हर गुजरते घंटे के साथ स्थिति बिगड़ने की आशंका बढ़ गई है. दिल्ली पुलिस ने बाढ़ संभावित इलाकों में सीआरपीसी की धारा 144 लगा दी है. उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने गुरुवार को दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की बैठक भी बुलाई है.
यमुना में पानी कहां से आता है?
- यमुना पर दो प्रमुख बैराज हैं- देहरादून में डाकपत्थर और दिल्ली के अपस्ट्रीम में यमुनानगर में हथिनीकुंड. नदी पर कोई बांध नहीं हैं. इसलिए अधिकांश मानसून की बारिश अप्रयुक्त रहती है, जिसके कारण मौसम के दौरान बाढ़ आ जाती है. दिल्ली में पिछले तीन दिनों में यमुना के जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की गई है. रविवार सुबह 11 बजे 203.14 मीटर से बढ़कर सोमवार शाम 5 बजे 205.4 मीटर हो गया. - यमुना का पानी 18 घंटे पहले खतरे के निशान 205.33 मीटर को पार कर गया है. यमुना का जल स्तर और बढ़ने की स्थिति से निपटने की तैयारी की जा रही है. दिल्ली के अन्य हिस्सों में बाढ़ को रोकने के लिए निचले इलाकों में तटबंध बनाए जा रहे हैं.

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