
'मौत का बदला लेना है...', बेटे के हत्यारे का सुराग देने पर इजरायली फैमिली दे रही 8 करोड़ रुपये का इनाम
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तेल शेवा का एक इजरायली-बेडौइन परिवार हमास आतंकवादियों के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए 1 मिलियन डॉलर की पेशकश कर रहा है. कारण, 7 अक्टूबर को इजरायल में सामूहिक घुसपैठ और नरसंहार के दौरान उनके बेटे ओसामा अबू असा को आतंकियों ने मार डाला था.
हमास और इजरायल के युद्ध को 32 दिन बीत चुके हैं. इजरायल के हमले से गाजा तबाह है, इजरायल ना सिर्फ पूरी तरह से हमास का खात्मा चाहता है बल्कि गाजा पर नियंत्रण भी चाहता है. गाजा़ में मानवीय सहयता के लिए सीजफायर पर भी कोई सहमति नहीं बन पाई. इस सबके बीच अब इजरायली खुद भी अपने परिजनों की हत्या का बदला लेने की ठान चुके हैं. इस कड़ी में एक इजरायली परिवार ने उनके बेटे की हत्या करने वाले हमास आतंकी का सुराग देने वाले को 1 मिलियन डॉलर यानी भारतीय रुपये में 8 करोड़ से अधिक का इनाम देने की घोषणा की है.
दरअसल, तेल शेवा का एक इजरायली-बेडौइन परिवार हमास आतंकवादियों के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए 1 मिलियन डॉलर की पेशकश कर रहा है. कारण, 7 अक्टूबर को इजरायल में सामूहिक घुसपैठ और नरसंहार के दौरान उनके बेटे ओसामा अबू असा को आतंकियों ने मार डाला था. नेगेव बेडौइन शहर में रहने वाले पीड़ित परिवार के बेटे ओसामा की म्यूजिकल फेस्टिवल में हत्या कर दी गई थी. यहां आतंकियों ने 240 से अधिक लोगों की हत्या कर दी थी.
मृतक के चाचा ने इजरायली मीडिया को बताया कि सुरक्षा बलों द्वारा प्राप्त एक वाहन के डैशकैम से रिकॉर्ड किए गए फुटेज में आतंकवादियों को अबू असा को कपड़े उतारने का आदेश देते हुए और उसे गोली मारने से पहले यातना देते देखा गया है.
मृतक के चाचा का कहना है कि यह जानते हुए भी कि वह यहूदी नहीं है, हमास ने ओसामा की हत्या कर दी. उसके चाचा ने बताया, "यह जानते हुए भी कि वह बेडौइन है, उन्होंने उसकी हत्या कर दी. हम जानना चाहते हैं कि जिम्मेदार कौन है - हम मौत का बदला लेना चाहते हैं. हम आतंकवादी तक पहुंचेंगे, चाहे वे कहीं भी हों. अगर उनका परिवार इजरायल या जॉर्डन में है, तो हम आतंकी के पिता, भाई और चाचा तक पहुंचेंगे. उन्हें इसकी कीमत चुकानी होगी."
परिवार ने सोशल मीडिया पर अरबी भाषा में एक वीडियो पोस्ट किया है, जिसमें ओसामा अबू अस्सा की हत्या में शामिल हमास आतंकवादी के बारे में जानकारी रखने वाले किसी भी व्यक्ति को 1 मिलियन डॉलर देने की पेशकश की गई है.
7 अक्टूबर को हुआ था जंग का आगाज

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