
मुझे गोली मार देना, पर तालिबान को मत सौंपनाः अफगान पॉपस्टार की आपबीती
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अफगानिस्तान में तालिबान के राज के बाद वहां आर्ट्स और कल्चर से जुड़ी गतिविधियों से जुड़े लोगों में सन्नाटा छा चुका है. अफगानिस्तान की लोकप्रिय पॉप स्टार अर्याना सईद उन हजारों लोगों में से थीं जो 15 अगस्त को काबुल एयरपोर्ट से निकलकर विदेश जाना चाहती थीं. सईद की तरह ही लगभग एक लाख अफगानिस्तानी लोग जिनमें म्यूजिशियन्स, आर्टिस्ट्स, पत्रकार, महिला एथलीट्स भी शामिल हैं, वे अफगानिस्तान छोड़ चुके हैं.
अफगानिस्तान में तालिबान के राज के बाद वहां आर्ट्स और कल्चर से जुड़ी गतिविधियों से जुड़े लोगों में सन्नाटा छा चुका है. अफगानिस्तान की लोकप्रिय पॉप स्टार अर्याना सईद उन हजारों लोगों में से थीं जो 15 अगस्त को काबुल एयरपोर्ट से निकलकर विदेश जाना चाहती थीं. सईद की तरह ही लगभग एक लाख अफगानिस्तानी लोग जिनमें म्यूजिशियन्स, आर्टिस्ट्स, पत्रकार, महिला एथलीट्स भी शामिल हैं, वे अफगानिस्तान छोड़ चुके हैं. (फोटो क्रेडिट: aryanasayeedofficial इंस्टाग्राम) सईद फिलहाल तुर्की में हैं. उन्होंने वाइस वर्ल्ड न्यूज के साथ बातचीत में कहा कि मैंने अपने मंगेतर से कहा था कि अगर मुझे तालिबान घेर लें तो मेरे सिर में गोली मार देना. मैंने सुसाइड बॉम्बिंग देखी है और इसके अलावा कई खतरे देखे है लेकिन मेरे रोंगटे खड़े हो जाते हैं जब मैं इस बारे में सोचती हूं कि मेरी क्या हालत होती अगर तालिबान मुझे जिंदा पकड़ लेता. मैं म्यूजिक बनाती हूं. मैं महिलाओं को सपोर्ट करती हूं. मैं तालिबान की मुख्य टारगेट होती. (फोटो क्रेडिट: aryanasayeedofficial इंस्टाग्राम)
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर संभावित हमलों को पांच दिनों के लिए रोकने का निर्देश दिया, जिसका कारण दोनों देशों के बीच जारी सकारात्मक बातचीत बताया गया. डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि ईरान से पांच दिनों के भीतर डील हो सकती है. हालांकि, ईरान इन दावों को खारिज कर रहा है. इससे पहले अमेरिका ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने को लेकर चेतावनी दी थी, जिस पर ईरान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी.

ईरान लगातार इजरायल को निशाना बना रहा है. यरुशलम में ईरान के हमले की आशंका को लेकर सायरन बजे. आनन-फानन में लोग बम शेल्टर की ओर भागे. ये सायरन ईरान से मिसाइल और ड्रोन हमलों की चेतावनी देते हैं. हमसे ले पहले कुछ मिनटों का ही समय होता है जिसमें इजरायली नागरिक अपने करीबी बम शेल्टर में तब तक शरण लेते हैं जब तक कि खतरा टल न जाए. देखें वीडियो.

ईरान ने दावा किया है कि उसकी नेवी के एयर डिफेंस ने दो अमेरिकी ड्रोन मार गिराए. ईरान की स्टेट मीडिया के मुताबिक ये दोनों सुसाइड ड्रोन कथित तौर पर अमेरिकी सेना के थे. ईरान की सेना के मुताबिक ड्रोन का पता लगाया गया, उसे ट्रैक किया गया और इससे पहले कि वो बंदर अब्बास नौसैनिक बेस को निशाना बनाते, उन्हें मार गिराया गया. देखें वीडियो.

ईरान-इजरायल युद्ध आज अपने 24वें दिन में प्रवेश कर चुका है, लेकिन शांति की कोई गुंजाइश दिखने के बजाय यह संघर्ष अब एक विनाशकारी मोड़ ले चुका है. ईरान द्वारा इजरायल के अराद और डिमोना शहरों पर किए गए भीषण मिसाइल हमलों से दुनिया हैरान है. ये शहर रणनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील हैं, इसलिए अब यह जंग सीधे तौर पर परमाणु ठिकानों की सुरक्षा के लिए खतरा बन गई है. युद्ध का सबसे घातक असर ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ा है.

तेल टैंकरों के लिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का रास्ता खोलने को लेकर ईरान को ट्रंप ने 48 घंटे की धमकी थी. समय सीमा खत्म होने से पहले ही नेटो एक्शन में आ गया है. नेटो महासचिव ने बताया कि होर्मुज में मुक्त आवाजाही सुवनिश्चित करने के लिए 22 देशों का समूह बन रहा है. साथ ही उन्होनें कहा कि ईरान के खिलाफ अमेरिका का कदम जरूरी था.








