
महिला इलेक्ट्रीशियन के लाखों लोग हुए दीवाने, देखें फोटोज
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जॉब और गुड लुक्स की वजह से कुछ महिला इलेक्ट्रीशियन्स की खूब चर्चा हो रही है. ये महिलाएं काम करते हुए फोटोज और वीडियोज शेयर करती हैं. इन महिलाओं के वीडियोज वायरल हो रहे हैं. इन्हें करोड़ों बार देखा जाता है. लोग कमेंट कर इन महिलाओं का हौसला भी बढ़ाते दिखते हैं.
सोशल मीडिया पर इन दिनों कुछ महिला इलेक्ट्रीशियन की खूब चर्चा हो रही है. खास बात यह है कि यह महिलाएं एक ऐसे इंडस्ट्री का हिस्सा हैं, जहां पुरुषों का वर्चस्व माना जाता है. गर्ल पावर शो करने और गुड लुक्स की वजह ये महिलाएं सुर्खियों में हैं.
इन महिलाओं के वीडियोज टिकटॉक पर धमाल मचा रहे हैं. ब्रिटेन की रहनेवाली टिकटॉक यूजर @isabellmcguire0 का एक वीडियो लोगों को खूब पसंद आ रहा है. उन्होंने पिछले हफ्ते ही इसे शेयर किया था. वीडियो में वह Akon के गाने पर डांस करती दिखती हैं.
वीडियो में मैक्ग्वायर खुद को ‘स्पार्की’ बताती हैं. उनके इस वीडियो को 1 करोड़ से ज्यादा बार देखा गया है. वीडियो पर लोग मैक्ग्वायर की तारीफ भी करते दिखते हैं.
महिलाएं भी मैक्ग्वायर के वीडियो की खूब तारीफ करती दिखीं. मैक्ग्वायर ने गुरुवार को एक और वीडियो अपलोड किया था जो वायरल हो रहा है. इसे अबतक 18 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है. इस वीडियो में वह पिंक क्रॉप टॉप और कंस्ट्रक्शन बूट में दिखती हैं.
हालांकि, मैक्ग्वायर अब भी टिकटॉक पर वायरल वीडियो और ग्लैमरस लुक के मामले में पहली महिला इलेक्ट्रीशियन से काफी दूर हैं. टिकटॉक पर 24 साल की बेथानी एंड्रयूज के कई वीडियोज वायरल हो चुके हैं. वीडियो में वह फुल मेकअप में काम करती दिखती हैं. सोशल मीडिया यूजर्स भी उनकी खूब तारीफ करते दिखते हैं.
हालांकि, असल में काम के दौरान लोग बेथानी को अंडर एस्टीमेट करते रहते है. Caters से बातचीत में बेथानी ने कहा- कस्टमर्स मेरी काबिलियत पर शक करते हैं. जब मैं किसी मशीन की खराबी के बारे में लोगों को बताती हूं तो लोग उसे डबल चेक करवाते हैं. मैं नहीं जानती लोग ऐसा क्यों करवाते हैं शायद मेरे महिला या कम उम्र होने की वजह से या फिर दोनों वजहों से?

आज पूरी दुनिया LNG पर निर्भर है. खासकर भारत जैसे देश, जहां घरेलू गैस प्रोडक्शन कम है, वहां LNG आयात बेहद जरूरी है. लेकिन जैसे ही युद्ध या हमला होता है, सप्लाई चेन टूट जाती है और गैस की कीमतें तेजी से बढ़ जाती हैं. कतर जैसे देशों से निकलकर हजारों किलोमीटर दूर पहुंचने तक यह गैस कई तकनीकी प्रोसेस और जोखिम भरे रास्तों से गुजरती है.












