
महाराष्ट्र में कोरोना की आफत के बीच बिना मास्क के दिखे राज ठाकरे, बोले-मैं नहीं पहनता
AajTak
कार्यक्रम में अपनी पत्नी, पुत्र और पुत्रवधु के साथ पहुंचे राज ठाकरे ने शिवाजी जयंती और मराठी भाषा दिवस पर कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति नहीं दिए जाने को लेकर नाराजगी जताई.
कोरोना वायरस की महामारी से सबसे ज्यादा प्रभावित रहे महाराष्ट्र में संक्रमितों की तादाद फिर से बढ़ रही है. तेज रफ्तार कोरोना के बीच राज्य सरकार ने कई जगह सख्ती के निर्देश दे दिए लेकिन इनका पालन कराना पुलिस प्रशासन के लिए भी मुश्किल साबित हो रहा है. आज यानी 27 फरवरी को शिवाजी पार्क मुंबई में आयोजित मराठी भाषा दिवस कार्यक्रम में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे बगैर मास्क के नजर आए. मास्क को लेकर राज ठाकरे ने कहा कि मैं मास्क का उपयोग नहीं करता. कार्यक्रम में अपनी पत्नी, पुत्र और पुत्रवधु के साथ पहुंचे राज ठाकरे ने शिवाजी जयंती और मराठी भाषा दिवस पर कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति नहीं दिए जाने को लेकर नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि यदि कोरोना वायरस इतना ही अधिक तेजी से फैल रहा है तो चुनाव क्यों नहीं टाल दिए जा रहे.
ईरान की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के अहम चेहरा अली लारीजानी को इजरायल ने टारगेट किया है. हालांकि ये अब तक साफ नहीं है कि अली लारीजानी की स्थिति कैसी है. इजराइल का एक और बड़ा दावा है कि उसके हमले की जद में बसीज कमांडर भी आए हैं. दावे के मुताबिक बसीज पैरामिलिट्री फोर्स के कमांडर गुलामरेज़ा सुलेमानी को भी निशाना बनाया गया. बसीज, ईरान की एक अहम पैरामिलिट्री फोर्स है, जो आंतरिक सुरक्षा और विरोध प्रदर्शनों को दबाने में भूमिका निभाती है.

एक तरफ अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान पर ताबड़तोड़ हमले कर रहे है. वहीं दूसरी तरफ हिज्बुल्लाह के खिलाफ इजरायल की जंग जारी है. इजरायल ने एक बार फिर लेबनान में हमला किया. लेबनान की राजधानी बेरूत में इजरायली एयर फोर्स ने एयर स्ट्राइक की. हिज्बुल्लाह के ठिकानों को इजरायल ने निशाना बनाया, हमले के बाद बेरूत के कई इलाकों में धमाके की आवाज सुनी गई. हमले के बाद काला धुआं भी उठता देखा गया.

होर्मुज में तेल और गैस पर ईरान ने जो रोक लगा रखी है, उसकी सुरक्षा के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने मित्र देशों से युद्धपोत भेजने की गुहार लगाई है. लेकिन फ्रांस, जापान, जर्मनी और ऑस्ट्रेलिया ने युद्धपोत भेजने से इनकार कर दिया, यगां तक की यूके ने भी कहां वो अभी इसपर विचार विमर्श कर रहे है.

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक से सारे शहर में सन्नाटा पसरा है. जिस अस्पताल में कभी हजार से ज्यादा मरीज थे वो इमारत अब खंडहर में तब्दीर हो गई है. चारों ओर सिर्फ आग और धुंए का गुबार दिख रहा है. इस हमले से 400 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई और 250 से ज्यादा लोग घायल हो चुके है.









