
भारतीय नौसेना ने स्पेनिश और इटैलियन नेवी के साथ की जॉइंट एक्सरसाइज, ये है मकसद
AajTak
मुंबई में यूरोपीय संघ के नौसेना बल (EUNAVFOR) के तहत स्पेनिश और इटालियन नौसेना ने भारतीय नौसेना के साथ टेबल टॉप एक्सरसाइज की. यह अभ्यास समुद्री सुरक्षा में सहयोग बढ़ाने और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में नौसेना बलों के तालमेल को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण रहा.
मुंबई में इस सप्ताह यूरोपीय संघ के नौसेना बल (EUNAVFOR) के तहत स्पेनिश और इटालियन नौसेना के युद्धपोतों ने एक टेबल टॉप एक्सरसाइज (TTX) में हिस्सा लिया. यह अभ्यास भारतीय नौसेना के साथ सहयोग को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है. इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य समुद्री सुरक्षा के लिए संयुक्त योजना बनाना और नौसेना बलों के बीच तालमेल स्थापित करना था.
EUNAVFOR यूरोपीय संघ की कॉमन सिक्योरिटी एंड डिफेंस पॉलिसी के तहत काम करने वाला एक बहु-राष्ट्रीय फोर्स है, जो मुख्य रूप से इंडियन ओशियन और इसके आसपास के क्षेत्रों में समुद्री सुरक्षा बनाए रखने की जिम्मेदारी निभाता है. इस समूह का सबसे जाना-माना अभियान ऑपरेशन अतलांटा है, जिसका मकसद समुद्री डकैती को रोकना, संवेदनशील जहाजों की सुरक्षा करना और क्षेत्र में नौसेना के सुरक्षित संचालन को सुनिश्चित करना है.
यह भी पढ़ें: हनीट्रैप में फंसा नौसेना इंजीनियर... महिला मित्र और 'सर' के कहने पर पाक एजेंटों को भेजे भारत के डिफेंस सीक्रेट्स
इंडो-पैसिफिक क्षेत्र तालमेल बनाने पर जोर
मुंबई में आयोजित इस टेबल टॉप एक्सरसाइज का मकसद इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में समान विचारधारा वाले नौसेना बलों के बीच सहयोग को बढ़ावा देना है. इस अभ्यास में स्पेनिश और इटालियन नौसेना के अधिकारी भारतीय नौसेना के साथ मिलकर उच्च जोखिम वाले समुद्री इलाकों में सहयोग बढ़ाने के लिए अपनी-अपनी जानकारी और अनुभव साझा कर रहे हैं.
भारतीय नौसेना ने इस दौरान अरबी सागर और इंडियन ओशियन के क्षेत्रीय वातावरण की गहन जानकारी प्रदान की, जिससे सभी दलों को आपस में बेहतर तालमेल बिठाने का अवसर मिला.

अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध का आज 23वां दिन है. अब ये जंग परमाणु प्लांट पर हमलों तक पहुंच गई है. एक दिन पहले इजरायल ने नतांज में ईरान के न्यूक्लियर प्लांट को टारगेट किया, जिसके जवाब में ईरान ने डिमोना और अराद शहरों पर भीषण हमला कर दिया. ईरान के ये हमले युद्ध को और भीषण बना सकते हैं क्योंकि अब इजरायल तेहरान में लगातार कई ठिकानों को निशाना बना रहा है. नेतन्याहू ने इस समय को इजरायल के अस्तित्व और भविष्य की लड़ाई का एक चुनौतीपूर्ण पड़ाव बताया है. वहीं ईरान दावा कर रहा है कि डिमोना और अराद पर हमले के बाद युद्ध का पूरा समीकरण बदल गया है.

आज बात पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दंगल की जहां टीएमसी और बीजेपी के बीच कड़ा मुकाबला है. बंगाल की सियासत इस वक्त अपने चरम पर है, जहां हर बयान, हर कदम और हर मंच चुनावी रणनीति का हिस्सा बन चुका है. कल ईद के मौके पर मंदिर -मस्जिद का रंग देखने को मिला. ममता बनर्जी ने कोलकाता में ईद के मौके पर बीजेपी के घुसपैठिए वाले मुद्दे पर अबतक का सबसे बड़ा पलटवार किया. ईद-उल-फितर के मौके पर कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित एक बड़े धार्मिक कार्यक्रम में ममता ने पीएम मोदी को सबसे बड़ा घुसपैठिया बता दिया. ये वही मुद्दा है जिस पर पीएम मोदी लगातार ममता सरकार को घेर रहे हैं. ममता के बयान पर बीजेपी ने हार की हताशा में दिया गया बयान बताया. वहीं बीजेपी ने भी बंगाल में अपने वोटरों को मैसेज दिया है. शुभेंदु अधिकारी कालीघाट मंदिर में जाकर पूजा-अर्चना की और मां काली से आशीर्वाद मांगते हुए कहा कि बंगाल में घुसकर बांग्लादेशी घुसपैठियों ने बहुत अत्याचार किया है. बंगाल में अगले महीने दो चरण में वोटिंग होनी है. ऐसे में जैसे-जैसे तारीख नजदीक आएगी, बयान और भी तीखे होंगे और सियासी चालें और भी पेचीदा. लेकिन सवाल ये कि क्या बंगाल मंदिर-मस्जिद की राजनीति से बाहर निकल पाएगी. इस बार बंगाल में किस पार्टी की नैरेटिव का सिक्का चलेगा. बीजेपी-टीएमसी की आमने-सामने की लड़ाई में आखिर कांग्रेस और कभी 34 साल तक लगातार सरकार में रहने वाली लेफ्ट क्या कर रही है.

दिल्ली में जद (यू) के पूर्व नेता केसी त्यागी ने रविवार को राष्ट्रीय लोक दल जॉइन कर लिया. उन्होंने जयंत चौधरी की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ली. इससे पहले मंगलवार को उन्होंने बिना कारण बताए जद (यू) से इस्तीफा दिया था. 2003 से पार्टी से जुड़े त्यागी महासचिव, प्रवक्ता और राजनीतिक सलाहकार जैसे अहम पदों पर रह चुके हैं.

पंजाब की मान सरकार की 'एकमुश्त निपटान स्कीम' को व्यापारियों का भारी समर्थन मिला है. पुराने टैक्स बकाये के जरिए अब तक सरकारी खजाने में 111.16 करोड़ रुपये आ चुके हैं. हालांकि, इस राहत का फायदा सिर्फ 31 मार्च तक ही उठाया जा सकता है. इसके बाद सरकार नरम रुख छोड़कर सख्त एक्शन लेगी और करीब 8,000 संपत्तियों पर कुर्की की कार्रवाई शुरू की जाएगी.

अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध का आज 23वां दिन है. अब ये जंग परमाणु प्लांट पर हमलों तक पहुंच गई है. एक दिन पहले इजरायल ने नतांज में ईरान के न्यूक्लियर प्लांट को टारगेट किया, जिसके जवाब में ईरान ने डिमोना और अराद शहरों पर भीषण हमला कर दिया. ईरान के ये हमले युद्ध को और भीषण बना सकते हैं क्योंकि अब इजरायल तेहरान में लगातार कई ठिकानों को निशाना बना रहा है. नेतन्याहू ने इस समय को इजरायल के अस्तित्व और भविष्य की लड़ाई का एक चुनौतीपूर्ण पड़ाव बताया है. वहीं ईरान दावा कर रहा है कि डिमोना और अराद पर हमले के बाद युद्ध का पूरा समीकरण बदल गया है.

विश्व जल दिवस पर 'जल है तो कल है' जैसे नारे सुनने में तो अच्छे लगते हैं, लेकिन जमीन पर हकीकत आज भी बहुत कड़वी है. सरकारी कागजों में 'हर घर जल' के बड़े-बड़े दावे तो दिखते हैं, पर असलियत में आज भी लोगों को प्यास बुझाने के लिए दूर-दूर तक पैदल चलना पड़ रहा है. कई परिवारों को तो पानी के लिए खुद कुएं तक खोदने पड़ रहे हैं. जब तक पानी के लिए यह जानलेवा संघर्ष और लंबी कतारें खत्म नहीं होतीं, तब तक ये जल दिवस सिर्फ कैलेंडर की एक तारीख बनकर ही रह जाएगा.







