
पूर्व पीएम नवाज शरीफ आज पहुंचेंगे पाकिस्तान, 4 साल बाद हो रही है लंदन से वापसी
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पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की अपने देश में वापसी हो रही है. वो शनिवार को लंदन से लौटेंगे और लाहौर में बड़ी जनसभा को संबोधित करेंगे. 73 वर्षीय शरीफ को एवेनफील्ड और अल-अजीजिया मामलों में दोषी ठहराया गया था और तोशाखाना वाहन मामले में अपराधी घोषित किया गया था. नवाज इन मामलों में जमानत पर थे. वे 2019 में इलाज के लिए यूके चले गए थे.
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की लंदन से वापसी हो रही है. वो शनिवार को 4 साल बाद पाकिस्तान पहुंच रहे हैं. नवाज शरीफ सबसे पहले इस्लामाबाद आएंगे. करीब दो घंटे आराम करेंगे. उसके बाद लाहौर पहुंचेंगे. दो दिन पहले ही इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने नवाज शरीफ की पाकिस्तान वापसी का रास्ता साफ किया था. कोर्ट ने पूर्व प्रधानमंत्री को भ्रष्टाचार के दो मामलों में सुरक्षात्मक जमानत दे दी है. एक अन्य अदालत ने एक अलग केस में उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट निलंबित कर दिया है.
बता दें कि नवाज शरीफ ने साल 2019 में जमानत पर छूटने के बाद पाकिस्तान छोड़ दिया था और यूनाइटेड किंगडम में रहने लगे थे. अब करीब चार साल बाद स्वदेश लौट रहे हैं. यहां लाहौर में मीनार-ए-पाकिस्तान में एक बड़ी रैली आयोजित की गई है, जिसे नवाज शरीफ भी संबोधित करेंगे. पार्टी ने विशाल सभा की पूरी तैयारी कर ली है. नवाज शरीफ सबसे पहले दोपहर 12:40 बजे (पाकिस्तान समय) इस्लामाबाद पहुंचेंगे. वो वहां इस्लामाबाद एयरपोर्ट के पास मुस्लिम लीग गेस्ट हाउस में 2 घंटे रुकेंगे. उसके बाद वो लाहौर आएंगे.
'नवाज को मिली है फिलहाल कानूनी राहत!'
पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) की कानूनी टीम को उम्मीद है कि पूर्व पीएम को पाकिस्तान पहुंचने के तुरंत बाद जेल नहीं जाना पड़ेगा. क्योंकि इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने गुरुवार को शरीफ को अस्थायी राहत प्रदान की है. नवाज को एवेनफील्ड और अल-अजीजिया भ्रष्टाचार मामलों में 24 अक्टूबर तक सुरक्षात्मक जमानत मिली है. भ्रष्टाचार विरोधी अदालत ने तोशाखाना वाहन मामले में उनके गिरफ्तारी वारंट को भी निलंबित कर दिया है.
'विपक्षी दलों के निशाने पर आए नवाज'
वहीं, पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की पाकिस्तान वापसी का विरोध भी तेज हो गया है. विपक्षी दलों ने उनकी आलोचना की है. दरअसल, नवाज शरीफ की पाकिस्तान वापसी को लेकर जहां उनके समर्थक जोर-शोर से चर्चा कर रहे हैं और स्वागत की तैयारी में हैं. वहीं दो मुख्य विपक्षी दलों ने उनके आने पर कथित विशेष इंतजामों को लेकर हमला बोला है.

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