
दिल्ली: MCD कमिश्नर ने फर्जी हस्ताक्षर के आरोप में 4 अधिकारियों को किया सस्पेंड
AajTak
बुधवार को पारित एक आदेश के संबंध में अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई, जिसमें कथित तौर पर आईएएस अधिकारी हिमांशु गुप्ता के हस्ताक्षर थे, जो 2021 में करोल बाग जोन के डिप्टी कमिश्नर के रूप में कार्यरत थे.
MCD कमिश्नर अश्विनी कुमार ने करोल बाग जोन के चार अधिकारियों को एक वरिष्ठ अधिकारी के हस्ताक्षर की कथित जालसाजी के मामले में निलंबित करने का आदेश दिया है. वरिष्ठ अधिकारी अब नगर निकाय के लिए काम नहीं करते हैं. बुधवार को जारी एक आदेश में कहा गया है कि करोल बाग जोन में बिल्डिंग विभाग के चार अधिकारियों के खिलाफ तत्काल प्रभाव से अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है.
मामले की जानकारी रखने वाले एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, बुधवार को पारित एक आदेश के संबंध में अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई, जिसमें कथित तौर पर आईएएस अधिकारी हिमांशु गुप्ता के हस्ताक्षर थे, जो 2021 में करोल बाग जोन के डिप्टी कमिश्नर के रूप में कार्यरत थे. गुप्ता मौजूदा समय केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के सचिव के रूप में कार्यरत हैं.
अधिकारी ने बताया कि बुधवार को एक आदेश पारित किया गया था, जिसमें पूर्व डिप्टी कमिश्नर हिमांशु गुप्ता के मैनुअल हस्ताक्षर थे, जिन्हें 2021 में यहां प्रतिनियुक्त किया गया था. कदाचार और शक्ति के दुरुपयोग के मामले में सभी चार अधिकारियों को निलंबित करने का आदेश दिया गया है. उन्होंने कहा कि पारित आदेश भूमि उपयोग से संबंधित है. इस मामले में कथित भ्रष्टाचार और चुनिंदा आधार पर काम किए जाने की जांच के आदेश दिए गए हैं.

अहमदाबाद के घाटलोडिया इलाके में नेशनल स्कूल के बाहर दसवीं के छात्र पर जानलेवा हमला हुआ है. परीक्षा खत्म होने के तुरंत बाद 8 से 10 हमलावरों ने छात्र को घेर लिया और उसे स्कूल से लगभग 50 मीटर दूर तक घसीट कर चाकू, पाइप और लकड़ी से बेरहमी से मारा. इस मामले में स्कूल के चार छात्र और उनके साथी शामिल हैं. पुलिस ने बताया कि यह हमला पुरानी रंजिश के कारण हुआ है.

जम्मू-कश्मीर के किश्तवार जिले में ऑपरेशन त्राशी-1 के दौरान सुरक्षा बलों ने आतंकियों की छिपने की जगह का सफलतापूर्वक भंडाफोड़ किया है. यह ऑपरेशन आतंकवाद के खिलाफ बड़ी कार्रवाई के तहत किया गया जिसमें आतंकियों को पकड़ने और उन्हें मार गिराने के उद्देश्य से सुरक्षा बल सक्रिय थे. इस अभियान में आतंकियों के छिपने के स्थान का पता चलने से इलाके में सुरक्षा अभी और सख्त हो गई है.

प्रयागराज माघ मेला प्राधिकरण ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को शंकराचार्य पद के दावे पर नोटिस जारी किया है, जिसमें सुप्रीम कोर्ट के अक्टूबर 2022 के आदेशों का हवाला दिया गया है. स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि नोटिस सुप्रीम कोर्ट की अवमानना है और उन्होंने कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है.

कोर्ट ने पारदर्शी और जवाबदेह प्रणाली बनाने पर जोर दिया ताकि बिना नसबंदी वाले कुत्तों की रिपोर्टिंग हो सके. 28 जनवरी को सरकारों की ओर से सॉलिसिटर जनरल अपनी दलीलें प्रस्तुत करेंगे. कोर्ट ने एनिमल राइट्स एक्टिविस्ट के पॉडकास्ट पर नाराजगी जताई और मामले की गंभीरता को रेखांकित किया. ये सुनवाई आवारा कुत्तों की समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है.

कोर्ट ने कहा कि शिकायतकर्ता को जाति के आधार पर अपमानित करने की स्पष्ट मंशा होनी चाहिए। पटना हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में एफआईआर और आरोप पत्र में जाति-आधारित अपमान के अभाव को रेखांकित किया। कोर्ट ने एससी एसटी एक्ट की धारा 3(1) के प्रावधानों को दोहराते हुए कहा कि केवल अपशब्दों का प्रयोग अपराध नहीं बनता।








