
तेहरान की सड़कों पर 'आजतक'... हमारे रिपोर्टर ने क्या देखा वहां? Ground Report
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ईरान के 47वें नेशनल डे पर राजधानी तेहरान में भारी भीड़ उमड़ी, जो अमेरिका के रिजिम चेंज दावों के खिलाफ एक मजबूत संदेश है. सुरक्षा के मद्देनजर सेना और पुलिस तैनात हैं, और ईरान ने अपनी सीमाओं के साथ राजधानी में भी सुरक्षा बढ़ा दी है.
अमेरिका के साथ चल रहे तनाव के बीच ईरान के क्या हालात हैं, ये जानने के लिए आजतक की टीम राजधानी तेहरान पहुंची. आजादी स्क्वायर पर भारी संख्या में लोगों की भीड़ देखने को मिली. हजारों की संख्या में लोग नेशनल डे सेलिब्रेट करते नजर आए. इसे अमेरिका के रिजिम चेंज के दावों के जवाब के रूप में देखा जा रहा है.
ईरान में इस टेंशन के बीच आजतक देश का पहला न्यूज चैनल है, जिसकी टीम तेहरान पहुंच चुकी है. आजतक संवाददाता सुमित चौधरी इस वक्त तेहरान में हैं और हालात पर पैनी नजर बनाए हुए हैं.
हाल ही में ईरान में हुए दंगों के बाद और अमेरिका के रिजिम चेंज के दावों के बीच तेहरान में सिक्योरिटी हाई अलर्ट पर है. जगह-जगह लोकल पुलिस से लेकर मिलिट्री फोर्सेस तैनात हैं. इस बीच 47वें नेशनल डे पर लोगों ने आजादी स्क्वायर पर ईरान का झंडा लेकर एकजुटता दिखाने की कोशिश की.
पिछले सालों के मुकाबले इस बार दोगुनी भीड़
ईरान के 'नेशनल डे' पर इस बार भारी भीड़ (पिछले वर्षों से लगभग दोगुनी) उमड़ी, जिसे पश्चिमी देशों और अमेरिका के लिए एक कड़े जवाब के रूप में देखा जा रहा है. इस भीड़ के जरिए ये संदेश देने की कोशिश की गई कि आम जनता सत्ता परिवर्तन के पक्ष में नहीं है और वो अपनी सेना (IRGC) के साथ खड़े हैं.
'रिजिम चेंज' को रोकने में जुटा ईरान

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

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