
'जयशंकर खुद मेरे पास आए और मुस्कुराते हुए हाथ मिलाया...', ढाका में हुई मीटिंग पर पाकिस्तानी संसद के स्पीकर का दावा
AajTak
विदेश मंत्री जयशंकर बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार के लिए बुधवार को ढाका पहुंचे थे. भारत और पाकिस्तान के नेताओं की यह मुलाकात ऐसे वक्त में हुई थी, जब पिछले साल पहलगाम हमले के बाद मई में भारत और पाकिस्तान के बीच चार दिन तक जंग हुई थी.
बांग्लादेश के ढाका में 31 दिसंबर को विदेश मंत्री जयशंकर ने पाकिस्तानी संसद के स्पीकर अयाज सादिक से मुलाकात की थी. दोनों नेताओं की हैंडशेक करते तस्वीरें दोनों मुल्कों में जमकर वायरल हुई थीं. अब इस मुलाकात पर पाकिस्तानी स्पीकर का बयान आया है.
पाकिस्तान की सत्तारूढ़ पार्टी पाकिस्तान मुस्लिम लीग नवाज (PMLN) के नेता और पाकिस्तानी संसद के स्पीकर अयाज सादिक ने कहा कि वह (जयशंकर) खुद मेरे पास चलकर आए और मुझे हैलो कहा. उन्होंने मुस्कान के साथ मुझसे हाथ मिलाया. जैसे ही मैंने अपना परिचय देना चाहा. उन्होंने कहा कि मैं जानता हूं कि आप कौन हैं, आपको अपना परिचय देने की जरूरत नहीं है.
सादिक ने बताया कि जयशंकर जैसे ही उस मीटिंग रूम में दाखिल हुए. वह पहले नेपाल, भूटान और मालदीव के डेलिगेशन से मिले और फिर मेरे पास आए. वह जानते थे कि वह क्या कर रहे हैं. उस रूम में और भी लोग थे. उनके चेहरे पर मुस्कान थी और वह क्या कर रहे हैं, उससे भलीभांति वाकिफ थे.
बता दें कि जयशंकर और सादिक के हैंडशेक करती तस्वीरें सादिक के ऑफिस की ओर से शेयर की गईं, जिन्हें बाद में मुहम्मद यूनुस ने अपने एक्स प्लेटफॉर्म पर भी पोस्ट किया.
पाकिस्तान की नेशनल असेंबली के स्पीकर सरदार अयाज सादिक और विदेश मंत्री जयशंकर ने बुधवार को ढाका में मुलाकात की थी. जयशंकर बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया को अंतिम विदाई देने ढाका गए थे, जहां अयाज से उनकी मुलाकात हुई.
पिछले साल अप्रैल महीने में हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के रिश्ते रसातल तक पहुंच गए थे. इस हमले में 26 भारतीयों की हत्या कर दी गई थी. इस हमले के लिए भारत ने पाकिस्तान को जिम्मेदार ठहराया था. दोनों मुल्कों के बीच तनाव बढ़ा तो भारत ने सात मई की आधीरात को ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च कर दिया.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे बिना भारतीय दूतावास की अनुमति और संपर्क के किसी भी जमीनी सीमा को पार करने की कोशिश न करें. दूतावास ने चेतावनी दी है कि ऐसा करने पर लोगों को गंभीर लॉजिस्टिक और इमीग्रेशन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. यह सलाह अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद बढ़े तनाव के बीच जारी की गई है. दूतावास ने भारतीयों से आधिकारिक संपर्क में रहने और हेल्पलाइन नंबरों पर मदद लेने की अपील की है. दूतावास ने कहा, 'हमें बताए बिना ईरान न छोड़ें'. दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किया है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.

मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल के शहर तेल अवीव पर मिसाइल हमला हुआ है. सोशल मीडिया और सीसीटीवी फुटेज में वो पल कैद हुआ है जब ईरान की मिसाइल तेल अवीव की एक सड़क पर आकर गिरती दिखाई देती है. इज़रायल पुलिस के मुताबिक इस हमले में क्लस्टर वारहेड का इस्तेमाल किया गया, जिससे कई छोटे बम अलग-अलग जगहों पर गिरकर फटे और आसपास के कई इलाकों को नुकसान पहुंचा. देखें वीडियो.

क्या ईरान युद्ध में अमेरिका फंस गया है? स्ट्रेट ऑफ होर्मुज ट्रंप के लिए अब बड़ी चुनौती बन गया है. ट्रंप दावे तो बहुत करते हैं, लेकिन हकीकत ये है कि होर्मुज समुद्री मार्ग अभी भी बंद है. ईरान जिसे चाहता है उसके जहाज जाने देता है. बिना ईरान की सहमति के कोई जहाज वहां से नहीं निकल सकता. देखें श्वेता सिंह की ये रिपोर्ट.








