
घरों में दरारें, दिल दहशत, आफत में जान... जोशीमठ के बाद टिहरी में धंस रही जमीन, सामने आई ये वजह
AajTak
उत्तराखंड में जोशीमठ के बाद अब टिहरी में भी जमीन धंस रही है. घरों में दरारें आ रही हैं. लोगों का कहना है कि जिले से गुजरने वाली ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे लाइन की वजह से ऐसा हो रहा है. कई गांवों के घरों में दरारें आ चुकी हैं. यहां लोग खौफ के साये में जीने को मजबूर हैं. लोगों ने कहा कि समय रहते हमारी मदद की जाए.
उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों से इन दिनों जमीन धंसने की तस्वीरें सामने आ रही हैं. वहीं टिहरी जिले से गुजरने वाली ऋषिकेश- कर्णप्रयाग रेलवे लाइन से टिहरी जिले के नरेंद्रनगर विधानसभा के कई गावों के घरों में भी दरारें पड़ रही हैं. लोग दहशत में हैं. उनका कहना है कि समय रहते प्रशासन उनकी समस्या पर ध्यान दे, कहीं यहां का हाल भी जोशीमठ जैसा न हो जाए.
टिहरी जिले के नरेंद्रनगर विधानसभा के लोडसी के वार्ड नंबर 7 के 12 परिवारों के घरों में दरारें पड़ चुकी हैं. ग्रामीणों का कहना है कि गांव में नीचे से गुजरने वाली ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे लाइन में हो रही ब्लास्टिंग से घरों में दरारें पड़ रही हैं. टनल पर हो रही ब्लास्टिंग से घर थर्रा रहे हैं.
ग्रामीण महिलाओं का कहना है कि रात के समय जब टनल पर ब्लास्टिंग की जाती है तो मकान पूरी तरह से हिलने लगते हैं. इसके बाद ग्रामीणों को रात के समय भी अपने छोटे छोटे बच्चों को लेकर मजबूरन बाहर निकलना पड़ता है, जिससे उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
लोगों का कहना है कि टनल पर की जा रही ब्लास्टिंग से घरों पर मोटी मोटी दरारें पड़ चुकी हैं. आंगन फट चुके हैं, मगर प्रशासन के अधिकारी गांव में दरारों की नाप करने तो आ रहे हैं, मगर कोई ठोस पहल नहीं हो रही है. लोगों ने कहा कि प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है.

होर्मुज में तेल और गैस पर ईरान ने जो रोक लगा रखी है, उसकी सुरक्षा के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने मित्र देशों से युद्धपोत भेजने की गुहार लगाई है. लेकिन फ्रांस, जापान, जर्मनी और ऑस्ट्रेलिया ने युद्धपोत भेजने से इनकार कर दिया, यगां तक की यूके ने भी कहां वो अभी इसपर विचार विमर्श कर रहे है.

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक से सारे शहर में सन्नाटा पसरा है. जिस अस्पताल में कभी हजार से ज्यादा मरीज थे वो इमारत अब खंडहर में तब्दीर हो गई है. चारों ओर सिर्फ आग और धुंए का गुबार दिख रहा है. इस हमले से 400 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई और 250 से ज्यादा लोग घायल हो चुके है.











