
'केवल भारत को छूट है...', रूसी तेल खरीद को लेकर यूरोप को अमेरिका की दो टूक
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अमेरिका ने साफ किया है कि रूसी तेल खरीदने की अस्थायी छूट केवल भारत को दी गई है. अमेरिका ने संकेत दिया है कि मिडिल ईस्ट की स्थिति को देखते हुए अगर रूसी तेल पर आगे भी अस्थायी छूट दी गई तो यह केवल भारत तक की सीमित रहेगी.
अमेरिका ने अपने यूरोपीय सहयोगियों को कहा है कि रूसी तेल खरीदने की अस्थायी छूट केवल और केवल भारत को है, उन्हें यह छूट नहीं दी जाएगी. अमेरिका ने संकेत दिया है कि अगर रूसी तेल पर लगे प्रतिबंधों में और ढील दी भी जाती है, तो वो ज्यादातर भारत को होने वाली सप्लाई तक ही सीमित रहेगी.
इस मामले से परिचित लोगों ने ब्लूमबर्ग से बातचीत में यह जानकारी दी है. सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि तेल की कीमतें कम करने के लिए वो 'कुछ तेल से जुड़े प्रतिबंधों' को हटाने पर विचार कर सकते हैं. हालांकि उन्होंने इसके बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी. उन्होंने केवल इतना बताया कि उसी दिन रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ बातचीत के दौरान इस मुद्दे पर चर्चा हुई थी.
अमेरिका पहले ही भारत को समुद्र में मौजूद रूसी तेल के आयात के लिए छूट दे चुका है. भारत और अमेरिका के बीच हुए अंतरिम व्यापार समझौते के तहत भारतीय रिफाइनरियों ने रूसी तेल की खरीद कम कर दी थी लेकिन ईरान में चल रहे जंग के बीच दुनिया में तेल, गैस की किल्लत हो गई है.
हमलों के जवाब में ईरान ने तेल व्यापार के लिए अहम समुद्री रास्ते होर्मुज स्ट्रेट को बंद कर दिया है जिससे सऊदी, इराक जैसे देशों का कच्चा तेल भारत तक नहीं पहुंच पा रहा है. तेल की बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाने के लिए अमेरिका ने भारत को रूसी तेल खरीदने की 30 दिनों की छूट जारी की है.
यूरोप से अमेरिका ने और क्या कहा?
सोमवार को दुनिया के सात विकसित देशों के समूह G-7 के वित्त मंत्रियों के बीच हुई बातचीत में अमेरिका ने जोर देकर कहा कि भारत को दी गई यह छूट समय और दायरे, दोनों के लिहाज से सीमित है.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

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मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल के शहर तेल अवीव पर मिसाइल हमला हुआ है. सोशल मीडिया और सीसीटीवी फुटेज में वो पल कैद हुआ है जब ईरान की मिसाइल तेल अवीव की एक सड़क पर आकर गिरती दिखाई देती है. इज़रायल पुलिस के मुताबिक इस हमले में क्लस्टर वारहेड का इस्तेमाल किया गया, जिससे कई छोटे बम अलग-अलग जगहों पर गिरकर फटे और आसपास के कई इलाकों को नुकसान पहुंचा. देखें वीडियो.

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