
किसानों से अगर क्रेडिट स्कोर मांगा तो बैंकों पर दर्ज करेंगे FIR, बोले डिप्टी CM देवेंद्र फडणवीस
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सीएम एकनाथ शिंदे की मीटिंग में बात सामने आई कि संकट के समय अगर बैंक किसानों की आर्थिक मदद नहीं करते हैं, तो उन्हें दूसरे तरीकों से पैसे जुटाने पड़ते हैं. एक अधिकारियों ने कहा कि यही कारण है कि किसानों को आत्महत्या जैसे कदम उठाने पड़ते हैं. किसान जिंदा रहेगा, तभी हम सब जिंदा रहेंगे.
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कहा कि हमें आश्वासन देने के बाद भी बैंक किसानों को ऋण देने से पहले उनका क्रेडिट स्कोर मांगते हैं.
डिप्टी सीएम फडणवीस ने कहा, "इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, हम उन बैंकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करेंगे जो किसानों को उनके सिबिल स्कोर के आधार पर ऋण देने से मना करते हैं. हमने बैंकों से इस बारे में अपनी शाखाओं को सूचित करने को कहा है."
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मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने मंगलवार को राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति की 163वीं बैठक की मीटिंग बुलाई थी. उन्होंने कहा कि किसानों को फसल ऋण देते समय 'सिबिल स्कोर' देने के लिए मजबूर नहीं किया जाना चाहिए.
ऋण संस्थानों को मजबूत करने पर फैसला
सिबिल स्कोर बैंकों और एनबीएफसी और वित्तीय संस्थानों से उधार लेने की क्षमता का एक पैमाना है. अधिकारियों ने कहा कि इस बैठक में यह निर्णय लिया गया कि राज्य में जिला सहकारी बैंकों और प्राथमिक कृषि ऋण संस्थानों को मजबूत करने को प्राथमिकता दी जानी चाहिए.

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