
काबुल: विस्फोट के बाद हवा में उड़ गए शरीर के चिथड़े, चश्मदीदों ने बताए 'कयामत' के पल
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अफगानिस्तान से बाहर निकलने की आस लिए बड़ी संख्या में लोग काबुल एयरपोर्ट के बाहर कतार में खड़े थे. लंबी लाइन लगी थी. इस भीड़ में कई लोग ऐसे थे जो कतार में 10 घंटे या इससे भी ज्यादा समय से खड़े थे.
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में हुए भीषण धमाके में 100 से ज्यादा लोगों के मारे जाने की खबर हैं जिनमें करीब 90 अफगान नागरिक हैं. भीड़ के बीच घुसकर हुए आत्मघाती हमले के बाद हर तरफ चीख-पुकार मच गई. घायलों को परिजन अस्पताल लेकर भागे. काबुल एयरपोर्ट के करीब हुए ये धमाके इतने भीषण थे कि प्रत्यक्षदर्शी इनकी तुलना कयामत के दिन से कर रहे हैं.
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वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) के दावोस शिखर सम्मेलन में मंगलवार को यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने इसके संकेत दिए. उन्होंने दावोस शिखर सम्मेलन में कहा कि कुछ लोग इसे ‘मदर ऑफ ऑल डील्स’ कहते हैं, ऐसा समझौता जो 2 अरब लोगों का बाजार बनाएगा और वैश्विक GDP के करीब एक-चौथाई का प्रतिनिधित्व करेगा.

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