
कश्मीर के नाम पर हिंदुस्तान में 'साजिश' रचने वाले पाकिस्तान में किसने किया धमाका?
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कश्मीर के नाम पर भारत के खिलाफ जहर उगलने वाले पाकिस्तान को उसी की धरती पर बड़ा झटका लगा है. राजधानी इस्लामाबाद में जुमे की नमाज के दौरान एक शिया मस्जिद में हुए आत्मघाती धमाके ने पूरे देश को हिला दिया. सवाल उठ रहा है कि आतंक की फैक्ट्री बने पाकिस्तान में यह खूनखराबा आखिर किसने किया.
कश्मीर और धर्म के नाम पर भारत को अस्थिर करने की साजिशें रचने वाला पाकिस्तान अब खुद अपने ही आतंक की आग में झुलस रहा है. राजधानी इस्लामाबाद में एक शिया मस्जिद में हुए आत्मघाती धमाके ने पूरे पाकिस्तान को दहशत में डाल दिया है. यह धमाका उस वक्त हुआ, जब जुमे की नमाज के लिए करीब 700 लोग मस्जिद परिसर में मौजूद थे.
शुक्रवार की दोपहर के वक्त मस्जिद खचाखच भरी हुई थी. तभी एक खुदकुश हमलावर ने खुद को उड़ा लिया. धमाका इतना जबरदस्त था कि सैकड़ों लोग इसकी चपेट में आ गए. चारों तरफ अफरा-तफरी मच गई और लहूलुहान लोग मदद के लिए चीखते नजर आए. करीब दो दर्जन लोग इस हमले में मारे गए हैं. इस हमले की जिम्मेदारी किसी भी संगठन ने नहीं ली है.
इसी वजह से यह सवाल और गहरा गया है कि इस्लामाबाद में हुए इस आत्मघाती हमले के पीछे आखिर कौन है. शुरुआती आशंका पाकिस्तानी तालिबान या इस्लामिक स्टेट जैसे आतंकी गुटों पर जताई जा रही है, जो पहले भी अल्पसंख्यक शिया समुदाय को निशाना बनाते रहे हैं. धमाके के बाद इस्लामाबाद में इमरजेंसी घोषित कर दी गई है.
पुलिस अधिकारियों को आशंका है कि मरने वालों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है. इससे पहले 11 नवंबर 2025 को भी इस्लामाबाद के G-11 इलाके में जिला और सत्र न्यायालय के बाहर आत्मघाती हमला हुआ था, जिसमें 12 लोगों की मौत हुई थी और 30 से ज्यादा लोग घायल हुए थे. पाकिस्तान खुद आतंकवाद की उस आग में जल रहा है, जिसे वह बरसों से दूसरों के खिलाफ भड़काता रहा है.
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद पाकिस्तान में मौजूद 150 से ज्यादा आतंकियों को पहले ही बैन कर चुकी है. पाकिस्तान खुद मानता है कि उसके यहां 46 बड़े आतंकी संगठन सक्रिय हैं, जबकि अमेरिका का दावा है कि दुनिया के 15 सबसे खतरनाक आतंकी संगठन पाकिस्तान में पनप रहे हैं.

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सऊदी अरब के अल खज इलाके में ईरान की दो क्रूज मिसाइलों को सऊदी रक्षा मंत्रालय द्वारा नष्ट कर दिया गया है. ये मिसाइल अटैक इस क्षेत्र में जारी संघर्ष में इजरायल व अमेरिका द्वारा ईरान को निशाना बनाए जाने के बीच हुआ है. ईरान ने खाड़ी के कई देशों पर वार जारी रखे हैं जहां मिसाइलों व ड्रोन हमलों की तीव्रता बढ़ी है. अमेरिका और उसके सहयोगी इस क्षेत्र की सुरक्षा के लिए तैनात हैं लेकिन ईरान की रणनीति और प्रॉक्सीज की सक्रियता को रोकना चुनौती बना हुआ है.

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