
'एक गलत फैसला और मिडिल ईस्ट में शुरू हो जाएगी जंग...', खामेनेई ने ट्रंप को बता दी हद
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पिछले कुछ दिनों से ईरान को लगातार धमकी दे रहे हैं. उन्होंने ईरान से कहा है कि वो बिना शर्त बातचीत की टेबल पर आए और परमाणु समझौता करे. हालांकि, ईरान ने साफ कहा है कि हमले की धमकियों के साए में कोई बातचीत नहीं हो सकती है.
मिडिल ईस्ट इस समय अस्थिरता के दौर से गुजर रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान को लगातार वॉर्निंग दे रहे हैं कि अगर उन्होंने अपना परमाणु कार्यक्रम नहीं रोका तो मिलिट्री एक्शन का सामना करना पड़ेगा. ट्रंप के इन धमकियोंके बीच ईरान के सर्वोच्च नेता खामेनेई ने अब तक का सबसे जबरदस्त जवाबी हमला किया है.
अयातुल्ला अली खामेनेई ने अमेरिका को टका सा जवाब देते हुए कहा कि अगर अमेरिका ने ईरान पर हमला किया, तो इससे पूरे मिडिल ईस्ट में क्षेत्रीय युद्ध भड़क जाएगा. उनका यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की धमकी दे चुके हैं और दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर है.
ईरानी सरकारी टेलीविजन ने खामेनेई के बयान का वीडियो प्रसारित करने से पहले ही उनके शब्दों को ऑनलाइन साझा कर दिया. खामेनेई के हवाले से कहा गया कि अमेरिकियों को ये जान लेना चाहिए कि अगर उन्होंने युद्ध शुरू किया तो इस बार ये केवल सीमित नहीं रहेगा बल्कि एक क्षेत्रीय युद्ध होगा.
उन्होंने कहा कि हम ना तो किसी संघर्ष की शुरुआत करते हैं और ना ही किसी देश पर हमला करने की इच्छा रखते हैं लेकिन अगर ईरानी राष्ट्र पर हमला किया गया या उसे परेशान किया गया तो वह जोरदार जवाब देगा.
अमेरिका को खामेनेई कई इस धमकी को अब तक की सबसे सीधी और कठोर चेतावनी माना जा रहा है. इससे पहले ट्रंप ने कहा कि उनका अमेरिकी विमानवाहक पोत US अब्राहम लिंकन की अगुवाई में एक बड़ा सैन्य बेड़ा अरब सागर में तैनात हैं. राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिका के इस सैन्य बेडे़ को वेनेजुएला भेजे गए अपने बेडे़ से कहीं अधिक बड़ा बताया है.
हालांकि अब भी यह स्पष्ट नहीं है कि ट्रंप वास्तव में सैन्य बल का इस्तेमाल करेंगे या नहीं. ट्रंप कई बार कह चुके हैं कि ईरान बातचीत करना चाहता है और उन्होंने तेहरान के परमाणु कार्यक्रम को भी एक बड़ा मुद्दा बताया है, जिसे वे सुलझाना चाहते हैं.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे बिना भारतीय दूतावास की अनुमति और संपर्क के किसी भी जमीनी सीमा को पार करने की कोशिश न करें. दूतावास ने चेतावनी दी है कि ऐसा करने पर लोगों को गंभीर लॉजिस्टिक और इमीग्रेशन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. यह सलाह अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद बढ़े तनाव के बीच जारी की गई है. दूतावास ने भारतीयों से आधिकारिक संपर्क में रहने और हेल्पलाइन नंबरों पर मदद लेने की अपील की है. दूतावास ने कहा, 'हमें बताए बिना ईरान न छोड़ें'. दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किया है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.

मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल के शहर तेल अवीव पर मिसाइल हमला हुआ है. सोशल मीडिया और सीसीटीवी फुटेज में वो पल कैद हुआ है जब ईरान की मिसाइल तेल अवीव की एक सड़क पर आकर गिरती दिखाई देती है. इज़रायल पुलिस के मुताबिक इस हमले में क्लस्टर वारहेड का इस्तेमाल किया गया, जिससे कई छोटे बम अलग-अलग जगहों पर गिरकर फटे और आसपास के कई इलाकों को नुकसान पहुंचा. देखें वीडियो.

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