
एक और मुस्लिम देश ने बनाया एटम बम? ईरानी कमांडर का दावा, US की चुप्पी और ब्लैकमेल पॉलिटिक्स!
AajTak
जिस परमाणु बम के इस्तेमाल की खबर सुनकर ही दुनिया सिहर उठती है, उसे लेकर एक बड़ा दावा किया गया है. RT के साथ इंटरव्यू में ईरान के एक पूर्व कमांडर ने कहा है कि इस वक्त सऊदी अरब के पास परमाणु बम है और इस बात की अमेरिका और इजरायल को पुख्ता जानकारी है. ये जानकारी ऐसी है जिससे मध्य पूर्व का सारा समीकरण पलट सकता है.
पश्चिम एशिया की गर्म रेत पर एक बार फिर परमाणु छाया मंडरा रही है. फरवरी 2026 के महीने में जब पश्चिम एशिया में तनाव का स्तर उच्चतम है. ईरान पर अमेरिकी फाइटर जेट कभी भी बम बरसा सकते हैं, जब अमेरिका और ईरान के बीच ओमान में गुप्त वार्ताएं चल रही है. ऐसे ही नाजुक मौके पर एक पूर्व ईरानी कमांडर ने ऐसा धमाका किया है जो पूरी दुनिया को हिला सकता है.
इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के पूर्व वरिष्ठ कमांडर हुसैन कनानी ने रूसी मीडिया RT को दिए इंटरव्यू में दावा किया कि सऊदी अरब ने परमाणु बम बना लिया है और अमेरिका-इजरायल को इसकी पक्की जानकारी है.
हुसैन कनानी ने यह बयान ऐसे समय पर दिया है जब ट्रंप प्रशासन ईरान पर "नो न्यूक्लियर वेपन्स" की शर्त थोप रहा है, लेकिन ईरानी कमांडर के मुताबिक अमेरिका ने सऊदी के सिविलियन न्यूक्लियर प्रोग्राम को हरी झंडी दे दी है.
सऊदी ने बना लिया है परमाणु बम
इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के पूर्व वरिष्ठ कमांडर हुसैन कनानी ने RT को दिए इंटरव्यू में कहा, "इस समय सऊदी अरब के पास न्यूक्लियर बम है और उसकी एक्टिविटीज़ के बारे में यूनाइटेड स्टेट्स को अच्छी तरह पता है.” जब उनसे इस बारे में और कुरेदा गया तो उन्होंने कन्फर्म किया, "हां, यह अभी सही है." हुसैन कनानी ने कहा कि इज़रायल और US दोनों को इस बारे में पूरी जानकारी है.
"We have solid intelligence Saudi Arabia has a NUCLEAR BOMB, and the U.S. and Israel are fully aware of it." - former high-ranking IRGC commander Hussein Kanani Moghadam drops a geopolitical bombshell. We dive into the explosive claim, covert Mossad-fueled unrest, and the… https://t.co/7vJ7jRap5b pic.twitter.com/DlAcEXVQFb

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.

मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल के शहर तेल अवीव पर मिसाइल हमला हुआ है. सोशल मीडिया और सीसीटीवी फुटेज में वो पल कैद हुआ है जब ईरान की मिसाइल तेल अवीव की एक सड़क पर आकर गिरती दिखाई देती है. इज़रायल पुलिस के मुताबिक इस हमले में क्लस्टर वारहेड का इस्तेमाल किया गया, जिससे कई छोटे बम अलग-अलग जगहों पर गिरकर फटे और आसपास के कई इलाकों को नुकसान पहुंचा. देखें वीडियो.

क्या ईरान युद्ध में अमेरिका फंस गया है? स्ट्रेट ऑफ होर्मुज ट्रंप के लिए अब बड़ी चुनौती बन गया है. ट्रंप दावे तो बहुत करते हैं, लेकिन हकीकत ये है कि होर्मुज समुद्री मार्ग अभी भी बंद है. ईरान जिसे चाहता है उसके जहाज जाने देता है. बिना ईरान की सहमति के कोई जहाज वहां से नहीं निकल सकता. देखें श्वेता सिंह की ये रिपोर्ट.

ईरान ने पहली बार अपनी घातक मिसाइल सेजिल का इस्तेमाल कर इजरायल पर हमला किया है. इस हमले से ईरान ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ 54वां चरण शुरु कर दिया है. IRGC के ऐरोस्पेस प्रमुख ने बताया कि सेजिल मिसाइल से कमांड और कंट्रोल केंद्रों पर मला किया. इस मिसाइल में ईरान के अंदर से इजरायल को निशाना बनाने की पूरी क्षमता है.









