
Guru Vakri 2025: 4 दिन बाद गुरु होंगे वक्री, इन 4 राशियों के जीवन में 25 दिन मचेगी उथल-पुथल
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Guru Vakri 2025: 11 नवंबर को गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में वक्री होंगे. देवगुरु बृहस्पति के वक्री होने से कई राशियों के सावधान रहने की सलाह दी जा रही है. आइए जानते हैं उन अशुभ राशियों के बारे में.
Guru Vakri 2025: ज्योतिष शास्त्र में देवगुरु बृहस्पति का राशि परिवर्तन बहुत खास माना जाता है और इनको ज्ञान, विकास, धार्मिकता, लाभ, बड़े-कार्यों आदि का प्रतीक माना जाता है. गुरु धनु और मीन राशि के स्वामी हैं. वहीं, जब गुरु वक्री चाल चलता है तो ये लोगों के जीवन में सुधार की स्थिति और नई शुरुआत के मौके लेकर आता है. पंचांग के अनुसार, 11 नवंबर 2025, मंगलवार को गुरु कर्क राशि में रात 10 बजकर 11 मिनट पर वक्री होंगे. यह स्थिति लगभग 25 दिनों तक रहेगी.
ज्योतिष शास्त्र में किसी भी ग्रह का वक्री होना बहुत ही अशुभ और नकारात्मक कहलाता है. वहीं, गुरु के अपनी उच्च राशि कर्क में वक्री होने से कई राशियों को करियर और धन से जुड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है. तो चलिए जानते हैं कि गुरु के वक्री होने से किन राशियों के जीवन में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है.
1. मेष
गुरु के वक्री होने से मेष राशि वालों की मानसिक स्थिति और खर्चो पर नकारात्मक असर पड़ सकता है. अचानक यात्राएं या विदेश से जुड़े कार्य अटक सकते हैं. इस दौरान आपको ऐसा महसूस हो सकता है कि मेहनत का पूरा फल नहीं मिल रहा. किसी भी कानूनी या कागजी काम में जल्दबाजी ना करें. यह समय अपने ऊपर ओर काम करने का है.
उपाय: हर गुरुवार को पीले वस्त्र पहनें, हल्दी का तिलक लगाएं और 'ऊं बृं बृहस्पतये नमः' मंत्र का 108 बार जाप करें.
2. मिथुन

इलेक्ट्रिक गाड़ियों के साथ सबसे बड़ी चुनौती उन्हें चार्ज करने की होती है. रेंज एंजायटी जैसे शब्द इसी चिंता से निकले हैं, जहां लोगों को ये डर सताता रहता है कि जाने कब उनकी कार बंद हो जाए और उसे चार्ज कहां करेंगे. इसका निदान चीनी कंपनियां तेजी से खोज रही हैं. एक चीनी कंपनी ने सिर्फ 11 मिनट में फुल चार्ज होने वाली सोडियम-आयन बैटरी तैयार की है.












