
Army Chief: लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी बने सेना के नए प्रमुख, जनरल मनोज पांडे की जगह लेंगे
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मध्य प्रदेश के रीवा में सैनिक स्कूल के पूर्व छात्र लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी को 1984 में 18 जम्मू और कश्मीर (J&K) राइफल्स में कमीशन दिया गया था. इसके बाद उन्होंने इस यूनिट की कमान संभाली. जनरल ऑफिसर को उत्तरी और पश्चिमी दोनों थिएटरों के संतुलित अनुभव का अनूठा गौरव प्राप्त है.
भारत सरकार ने लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी को अगला सेनाध्यक्ष नियुक्त करने की घोषणा की है. वर्तमान में उप सेनाध्यक्ष के पद पर कार्यरत लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी 30 जून, 2024 को अपना नया पदभार संभालेंगे और जनरल मनोज पांडे का स्थान लेंगे, जो सेवानिवृत्त होने वाले हैं. सेना के उप प्रमुख का पदभार ग्रहण करने से पहले वह 2022 से 2024 तक उधमपुर स्थित उत्तरी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (जीओसी-इन-सी) थे.
मध्य प्रदेश के रीवा में सैनिक स्कूल के पूर्व छात्र लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी को 1984 में 18 जम्मू और कश्मीर (J&K) राइफल्स में कमीशन दिया गया था. इसके बाद उन्होंने इस यूनिट की कमान संभाली. जनरल ऑफिसर को उत्तरी और पश्चिमी दोनों थिएटरों के संतुलित अनुभव का अनूठा गौरव प्राप्त है. उत्तरी सेना कमांडर के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी ने जम्मू-कश्मीर में गतिशील आतंकवाद विरोधी अभियानों को संचालित करने के अलावा, उत्तरी और पश्चिमी सीमाओं पर निरंतर अभियानों की योजना बनाने और उन्हें क्रियान्वित करने के लिए रणनीतिक मार्गदर्शन और परिचालन निगरानी प्रदान की.
वह चीन के साथ विवादित सीमा मुद्दे को सुलझाने के लिए चल रही बातचीत में सक्रिय रूप से शामिल थे. लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी को यू.एस. आर्मी वॉर कॉलेज, कार्लिस्ले, यू.एस.ए. में नेशनल डिफेंस कॉलेज के समकक्ष पाठ्यक्रम में ‘विशिष्ट फेलो’ से सम्मानित किया गया. उनके पास रक्षा और प्रबंधन अध्ययन में एम.फिल. के अलावा सामरिक अध्ययन और सैन्य विज्ञान में दो मास्टर डिग्री हैं.
बता दें कि जनरल मनोज पांडे 30 अप्रैल, 2022 को सेना प्रमुख बनाया गया था. वह 31 मई 2024 को रिटायर होने वाले थे. लेकिन उन्हें 26 मई 2024 को कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने एक महीने का सेवा विस्तार मिला था. अब जनरल पांडे 30 जून, 2024 तक सेवा देंगे.

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