
Alibaba पर लगा 205 अरब रुपये का जुर्माना, आखिर ऐसा क्या किया कंपनी ने?
AajTak
दुनिया की सबसे बड़ी ई-कॉमर्स कंपनियों में से एक Alibaba पर चीन में 18 अरब युआन यानी 205.5 अरब रुपये का जुर्माना लगाया गया है. कंपनी पर ये जुर्माना वहां के बाजार रेग्युलेटर ‘स्टेट एडमिनिस्ट्रेशन फॉर मार्केट रेग्युलेशन’ (SAMR) ने लगाया है. आखिर क्यों लगाया है कंपनी पर इतना बड़ा जुर्माना जाने यहां...
दुनिया की सबसे बड़ी ई-कॉमर्स कंपनियों में से एक Alibaba पर चीन में 18 अरब युआन यानी 205.5 अरब रुपये का जुर्माना लगाया गया है. कंपनी पर ये जुर्माना वहां के बाजार रेग्युलेटर ‘स्टेट एडमिनिस्ट्रेशन फॉर मार्केट रेग्युलेशन’ (SAMR) ने लगाया है. आखिर क्यों लगाया है कंपनी पर इतना बड़ा जुर्माना जाने यहां. कर रही थी मोनोपॉली की कोशिश
ईरान युद्ध के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप पर घरेलू दबाव बढ़ता दिख रहा है. पेट्रोल की कीमतें 4 डॉलर प्रति गैलन पार पहुंच गई हैं, जिससे जनता में नाराजगी है. सर्वे में दो-तिहाई अमेरिकी जंग खत्म करने के पक्ष में हैं. इतिहास भी बताता है कि महंगाई चुनावी नतीजों को प्रभावित करती है. ऐसे में मिड-टर्म चुनाव ट्रंप की रणनीति बदलने की बड़ी वजह बन सकते हैं.

ईरान के रणनीतिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण शहर इस्फहान के दक्षिण-पूर्वी इलाके बहारेस्तान में एक भीषण हमला हुआ. ये हमला IRGC (इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर) के एक प्रमुख मिसाइल स्टोरेज डिपो को निशाना बनाकर किया गया है. हमला इस्फहान के दक्षिण-पूर्व में हुआ है. ये इलाका ईरान के मिसाइल उत्पादन और भंडारण का गढ़ माना जाता है. प्रत्यक्षदर्शियों की ओर से बनाए गए वीडियो में हमले के तुरंत बाद आग की ऊंची लपटें और धुएं का काला गुबार देखा गया.

Trump Iran war strategy analysis: ईरान के साथ जारी युद्ध में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बार-बार जीत के दावे पर सवाल उठ रहे हैं. एक महीने में 12 बार जीत का दावा करने के बावजूद उन्होंने अब 3 और हफ्तों की जरूरत बताई है. इस बीच युद्ध का असर अमेरिका में पेट्रोल की बढ़ती कीमतों और गिरती लोकप्रियता के रूप में दिख रहा है. विशेषज्ञ इसे 2003 के ‘मिशन पूरा हुआ’ जैसे जोखिम से जोड़कर देख रहे हैं.

मिडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच इजरायल की राजधानी तेल अवीव और आसपास के इलाके लगातार ईरानी मिसाइल का सामना कर रहे हैं. इस दौरान तेल अवीव पर ईरान के ताजा मिसाइल हमले के धमाके और थर्राहट से एक इमारत लगभग धराशायी ही हो गई. आजतक संवाददाता प्रणय उपाध्याय तेल अवीव में हैं, मौके से देखें उनकी ये ग्राउंड रिपोर्ट.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आज देश को संबोधित किया. इस बीच ताजा मामले में ईरान के सैन्य ठिकाने पर भारी बमबारी हुई है. इस्फहान के सैन्य ठिकाने पर की गई एयर स्ट्राइक हमले के बाद सैन्य ठिकाने पर भीषण आग लगी. आग लगने का वीडियो भी सामने आया है. सड़क पर चल रहे एक शख्स ने ये वीडियो रिकॉर्ड किया है. देखिए.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार रात राष्ट्र को संबोधित करते हुए ईरान के खिलाफ जंग जारी रखने का साफ संकेत दिया है. ट्रंप ने इसे 'थोड़े दर्द के बाद बड़े लाभ' की रणनीति बताया है. विशेषज्ञों का मानना है कि ये भाषण घरेलू जनता को शांत करने और आगामी हफ्तों में निर्णायक सैन्य कार्रवाई की जमीन तैयार करने के लिए था.

अमेरिका और ईरान के बीच छिड़े युद्ध को एक महीना हो चुका है. एक ऐसा युद्ध, जो अमेरिका के अलावा दुनिया में कोई नहीं चाहता था. लेकिन अब तबाही का दायरा और बढ़ गया है. यमन के हूती बागियों ने इजरायल पर मिसाइलें दाग दी हैं. और सबसे खतरनाक बात ये है कि ये बागी दुनिया की सबसे बड़ी तेल लाइफलाइन यानी 'बाब अल-मंदेब' (Bab al-Mandab) के मुहाने पर बैठे हैं. देखें कूटनीति.






