
500% टैरिफ की धमकी... ट्रंप की नई चाल से हिल गया भारत का शेयर बाजार
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रूस-यूक्रेन युद्ध को रोकने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ने नई चाल चल दी है. इसके तहत उन देशों पर भारी टैरिफ लगाए जा सकते हैं, जो रूस से तेल, गैस या अन्य ऊर्जा खरीदते हैं, खबर ये है कि टैरिफ की सीमा 500% तक हो सकती है.
भारतीय शेयर बाजार (Share Market) में हाहाकार मचा है, लगातार चौथे दिन बाजार गिरावट के साथ कामकाज कर रहा है. निवेशकों की चिंता बढ़ती जा रही है कि आखिर क्या कारण है, जिससे बाजार संभल नहीं रहा है. दरअसल, गुरुवार को भी गिरावट के साथ बाजार का आगाज हुआ. सेंसेक्स करीब 200 अंक गिरकर खुला और धीरे-धीरे बाजार पर बिकवाली हावी हो गया. दोपहर 2.30 बजे सेंसेक्स करीब 600 अंक टूटकर 84,360 अंक पर कारोबार कर रहा था. जबकि निफ्टी 200 अंक से ज्यादा टूटकर 26000 के नीचे फिसल गया है.
तेल और मेट्लस कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव दिख रहा है, हिंडाल्को के शेयर 3.77 फीसदी गिरकर, ONGC के शेयर 3.12 फीसदी और जियो फाइनेंस के शेयर में 3 फीसदी की गिरावट देखी जा रही है.
इस गिरावट के कई कारण हैं, लेकिन एक्सपर्ट्स मुख्यतौर परर इसे अमेरिका से जोड़कर देख रहे हैं.
भारत, रूसी तेल का एक बड़ा खरीदार रहा है. क्रूड आयात का 30% से भी अधिक रहा है, इस बीच अमेरिका में एक नया बिल 'Sanctioning Russia Act of 2025' को पेश किया गया है, इसे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बड़ी चाल बताई जा रही है. इस बिल का उद्देश्य रूस पर आर्थिक दबाव बढ़ाना है.
ट्रंप की टैरिफ धमकी से किसे नुकसान?
इसके तहत उन देशों पर भारी टैरिफ लगाए जा सकते हैं, जो रूस से तेल, गैस या अन्य ऊर्जा खरीदते हैं, खबर ये है कि टैरिफ की सीमा 500% तक हो सकती है. इसका मुख्यतौर पर भारत, चीन और ब्राज़ील पर असर हो सकता है.

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