
हल्द्वानी हिंसा: अब्दुल मलिक के खिलाफ गैर जमानती वारंट, संपत्ति कुर्क करने की तैयारी में पुलिस
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हल्द्वानी हिंसा के मुख्य आरोपी अब्दुल मलिक के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया गया है. उसने बनभूलपुरा में ढहाए गए मदरसे का निर्माण किया था. उसके विध्वंस का जोरदार विरोध किया था. वारंट पुलिस को उसके घर की तलाशी लेने और उसे पकड़ने के लिए आवश्यक अन्य कदम उठाने की अनुमति देगा.
हल्द्वानी हिंसा के मुख्य आरोपी अब्दुल मलिक के खिलाफ बुधवार को गैर-जमानती वारंट जारी किया गया है. उसने बनभूलपुरा में अब ढहाए गए मदरसे और प्रार्थना स्थल का निर्माण किया था. उनके विध्वंस का जोरदार विरोध किया था. अधिकारियों ने कहा कि वारंट पुलिस को उसके घर की तलाशी लेने और उसे पकड़ने के लिए आवश्यक अन्य कदम उठाने की अनुमति देगा. इसके साथ ही पुलिस उसकी संपत्ति की कुर्की के लिए अदालत में याचिका भी दायर कर सकती है.
इस बीच, उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने बुधवार को मलिक की पत्नी साफिया द्वारा विध्वंस पर रोक लगाने की मांग वाली जनहित याचिका पर सुनवाई की है. मशहूर वकील सलमान खुर्शीद ने बनभूलपुरा निवासी की ओर से उत्तराखंड उच्च न्यायालय में दलील देते हुए कहा कि उनके मुवक्किल को क्षेत्र में विध्वंस से पहले अदालत में जवाब दाखिल करने के लिए 15 दिन का समय दिया जाना चाहिए था. उन्होंने कहा कि उचित कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए कार्रवाही नहीं की गई.
वकील सलमान खुर्शीद ने दावा किया कि याचिकाकर्ता को नोटिस दिए जाने के चार दिन बाद विध्वंस किया गया, जबकि कानून की प्रक्रिया के अनुसार, उन्हें जवाब दाखिल करने के लिए 15 दिन का समय दिया जाना चाहिए था. हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है. याचिका पर अगली सुनवाई मई के दूसरे हफ्ते में होगी. दूसरी तरफ बनभूलपुरा इलाके में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है, जहां 8 फरवरी से कर्फ्यू लगा हुआ है. हाई कोर्ट की सुनवाई से पहले सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी.
वहीं, कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने 8 फरवरी को हुई हिंसा की मजिस्ट्रेट जांच शुरू कर दी है. उन्हें 10 फरवरी को काम सौंपा गया और 15 दिन में अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपने को कहा गया था. कुमाऊं आयुक्त ने आम जनता को सूचित किया है कि यदि कोई व्यक्ति उपरोक्त घटना से संबंधित कोई भी तथ्य, साक्ष्य/बयान रिकार्ड कराना चाहता है तो वो एक सप्ताह के अंदर कैंप कार्यालय आ सकता है. प्रशासन उन सभी का साक्ष्य सहित बयान दर्ज करेगी, जो कि इस जांच में सहायक होगा.
बनभूलपुरा इलाके में अतिरिक्त अर्धसैनिक बल तैनात
बनभूलपुरा इलाके में बीते सोमवार को अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है. यहां पिछले सप्ताह पुलिस-प्रशासन के द्वारा अवैध रूप से निर्मित मदरसे को ध्वस्त करने के बाद हिंसा भड़क उठी थी. इसके साथ ही उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऐलान किया था कि विवादित जगह पर अब नए थाने का निर्माण किया जाएगा. इसके बाद वहां पर अस्थाई रूप से एक पुलिस स्टेशन की स्थापन कर दी गई है. यहां पर बहुत जल्द पुलिस स्टेशन के लिए इमारत का निर्माण किया जाएगा.

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