
हरिद्वार महाकुंभ: 8 से 15 अप्रैल तक छोटी-बड़ी गाड़ियों की एंट्री बैन, ट्रैफिक प्लान जारी
AajTak
8 अप्रैल से 15 अप्रैल तक प्रभावी रहने वाले ट्रैफिक प्लान के तहत शहर में किसी भी वाहन को नहीं आने दिया जाएगा. कुंभ स्नान के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के हरिद्वार पहुंचने की संभावना को देखते हुए मेला पुलिस ने यातायात नियंत्रण और भीड़ नियंत्रण के लिए ट्रैफिक प्लान बनाया है.
हरिद्वार में कुंभ मेले की विधिवत शुरुआत हो गई है. कुंभ मेला 1 अप्रैल से शुरू होकर 30 अप्रैल तक चलेगा. इस दौरान तीन शाही स्नान होने हैं. 12 अप्रैल, 14 अप्रैल और 27 अप्रैल को शाही स्नान होंगे. वहीं एक शाही स्नान 11 मार्च को पहले ही संपन्न हो चुका है. चूंकि दो शाही स्नान एक दिन के अंतराल पर पड़ रहे हैं इसलिए मेला पुलिस द्वारा शाही स्नानों को ध्यान में रखकर ट्रैफिक प्लान जारी किया गया है. 8 अप्रैल से 15 अप्रैल तक प्रभावी रहने वाले ट्रैफिक प्लान के तहत शहर में किसी भी वाहन को नहीं आने दिया जाएगा. कुंभ स्नान के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के हरिद्वार पहुंचने की संभावना को देखते हुए मेला पुलिस ने यातायात नियंत्रण और भीड़ नियंत्रण के लिए ट्रैफिक प्लान बनाया है. इसके मुताबिक शहर में किसी भी तरह के वाहनों को प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा. बड़े और छोटे दोनों वाहनों के लिए यह प्लान लागू होगा. हालांकि यात्रियों की सुविधा के लिए शटल बसें भी चलाने का प्लान बनाया गया है.
आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









