
'सिंदूर उजाड़ने वालों से क्रिकेट क्यों?' भारत-पाक मैच को लेकर उद्धव और केजरीवाल ने सरकार पर साधा निशाना
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दुबई में कल होने वाले एशिया कप के भारत बनाम पाकिस्तान मैच को लेकर राजनीतिक तापमान बढ़ गया है. विपक्षी दलों ने हालिया ऑपरेशन सिंदूर और पहलगाम हमले के बाद खेल पर सवाल उठाए. उद्धव ठाकरे और आम आदमी पार्टी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा और मैच के बहिष्कार की चेतावनी दी. विरोध प्रदर्शन और पुतला दहन भी किया गया.
भारत और पाकिस्तान के बीच दुबई में होने वाले एशिया कप मैच को लेकर सियासी माहौल गर्म हो गया है. हाल ही में हुए ऑपरेशन सिंदूर और पहलगाम आतंकी हमले के बाद विपक्षी दलों ने सरकार पर पाकिस्तान से क्रिकेट खेलने को लेकर कड़ा सवाल उठाया है. उद्धव ठाकरे ने कहा कि सिंदूर उजाड़ने वालों के साथ क्रिकेट क्यों खेला जा रहा है. वहीं अरविंद केजरीवाल ने कहा, "क्या ये भी ट्रंप के दबाव में किया जा रहा है?"
महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार को घेरा. ठाकरे ने कहा, "यह दुर्भाग्य की बात है कि पहलगाम हमले में हमारे नागरिकों के सिंदूर उजाड़ दिए गए और आज भी घाव भरे नहीं हैं. एक समय सेना पाकिस्तान को पीछे धकेल रही थी, लेकिन अचानक कार्रवाई रोक दी गई. यह किसने रुकवाया? क्या ऑपरेशन सिंदूर भी किसी ने रुकवाया?"
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उद्धव ठाकरे ने सवाल उठाया कि जब प्रधानमंत्री कहते हैं "खून और पानी एक साथ नहीं बह सकता" तो फिर "खेल और जंग एक साथ कैसे हो सकते हैं?" उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि यह केवल पैसा कमाने के लिए देशभक्ति का व्यापार कर रही है. उन्होंने घोषणा की कि शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट) की महिला कार्यकर्ता कल पूरे महाराष्ट्र में सड़कों पर उतरेंगी और हर घर से सिंदूर प्रधानमंत्री मोदी को भेजकर विरोध दर्ज कराएंगी.
उद्धव ठाकरे ने मॉस्को ओलंपिक का दिया उदाहरण
उद्धव ठाकरे ने साथ ही 1980 के मॉस्को ओलंपिक का उदाहरण दिया, जहां अमेरिका और उसके सहयोगियों ने रूस के अफगानिस्तान में घुसपैठ के चलते बहिष्कार किया था. उद्धव ठाकरे ने कहा, "जब दुनिया भर में ओलंपिक जैसे खेल रोके जा सकते हैं, तो आतंकवाद फैलाने वाले पाकिस्तान के साथ क्रिकेट क्यों?"

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