
मुंबई में कर्ज में डूबे शख्स ने अपनी मां का किया मर्डर, फिर काट ली हाथ की नस
AajTak
मुंबई से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है. यहां वर्ली इलाके में एक बेटे ने अपनी मां की हत्या की और फिर अपने हाथ की नस काटकर आत्महत्या करने की कोशिश की.
मुंबई से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है. यहां वर्ली इलाके में एक बेटे ने अपनी मां की हत्या की और फिर अपने हाथ की नस काटकर आत्महत्या करने की कोशिश की. दरअसल, वर्ली में रहने वाले 50 वर्षीय बालासुब्रमण्यम कृपास्वामी मुंबई मे अपने पत्नी और बेटी के साथ रहते थे. कभी-कभी वो उसी इलाके में अलग रहने वाली मां से मिलने भी आते थे. 26 अक्तूबर (शनिवार) की दोपहर भी बालासुब्रमण्यम अपनी मां मिलने आया और फिर तकिये से मुंह दबाकर उनका मर्डर कर दिया. फिर हाथ की नस काट ली.
सुसाइड नोट में क्या लिखा...
बालासुब्रमण्यम ने 4 पन्नों का एक सुसाइड नोट भी लिखा. इसमें बालासुब्रमण्यम ने कर्ज से परेशान होकर यह कदम उठाने की बात कही है. सुसाइड नोट में बालासुब्रमण्यम ने लिखा, 'मेरे पास कोई काम नहीं है और मैं पूरी तरह कर्ज में डूब गया हूं, मैं कर्ज की ईएमआई नहीं चुका सकता इसलिए मैं मेरी मां का और अपना जीवन खत्म कर रहा हूं.'
यह भी पढ़ें: मुंबई में 18 महीने की बच्ची का शव गटर से बरामद, घर के बाहर खेलने के दौरान हुई थी गायब
बालासुब्रमण्यम की हालत चिंताजनक है और उसे इलाज के लिए वोकहार्ट अस्पताल में भर्ती कराया गया है. बालासुब्रमण्यम के पत्नी और बेटी से पुलिस ने बात करने की कोशिश की लेकिन वो फिलहाल बात करने की स्थिति में नहीं हैं. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है.

पाकिस्तान ने रात के अंधेरे में अफगानिस्तान पर एक बार फिर हमला बोला है. पाकिस्तान ने ये एयरस्ट्राइक अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में एक नशा मुक्त केंद्र अस्पताल पर किया है. इस हमले में अबतक 400 से ज्यादा मासूमों की मौत हो गई है, वहीं 250 से ज्यादा घायल बताए जा रहे है. वहीं अस्पताल पर हमले के आरोप से पाकिस्तान ने इनकार किया है.

वृंदावन में बंदरों की शरारतें अब सुरक्षा एजेंसियों के लिए भी चुनौती बन गई हैं. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के तीन दिवसीय दौरे से पहले चश्मा छीनने वाले बंदरों को काबू में रखने के लिए अनोखा उपाय किया गया है. वन्यजीव कानूनों के चलते असली लंगूरों की तैनाती संभव नहीं होने पर अब लंगूरों के कटआउट और विशेष टीमों के जरिए सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी.











