
भारत से विवाद के बीच चीन के राष्ट्रपति जिनपिंग से मुइज्जू की मुलाकात, दोनों देशों के बीच हुए 20 समझौते
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प्रधानमंत्री मोदी के लक्षद्वीप दौरे के बाद मालदीव की सरकार के तीन मंत्रियों ने पीएम मोदी के इस दौरे की कुछ तस्वीरों पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी. इसके बाद से ही दोनों देशों के बीच राजनयिक विवाद गहराया हुआ है. मामले पर विवाद बढ़ने के बाद इन तीनों मंत्रियों को सस्पेंड कर दिया गया था.
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू चीन के पांच दिवसीय दौरे पर हैं. इस दौरान राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ मुलाकात के दौरान उन्होंने चीन को अपना करीबी सहयोगी और डेवलपमेंट पार्टनर बताया.
जिनपिंग और मुइज्जू की मुलाकात के दौरान हुई बातचीत का पूरा ब्योरा सार्वजनिक नहीं हुआ है. लेकिन मुइज्जू के कार्यालय की से कहा गया है कि इस दौरान दोनों सरकारो के बीच 20 अहम समझौते हुए हैं. ये समझौते पर्यटन, आपदा जोखिम में कमी, समुद्री अर्थव्यवस्था, डिजिटल अर्थव्यवस्था में निवेश के साथ-साथ बेल्ट एड रोड इनिशिएटिव को लेकर हुए.
इस बैठक के दौरान चीन के राष्ट्रपति जिनपिंग ने मुइज्जू का पुराना दोस्त बताया. जिनपिंग ने कहा कि चीन, मालदीव के साथ द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने और दोनों देशों के संबंधों को नए स्तर तक ले जाना चाहता है.
शी जिनपिंग से बातचीत के अलावा मुइज्जू चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर सकते हैं. बता दें कि मुइज्जू मंगलवार रात को बीजिंग पहुंचे थे. यहां उनका भव्य स्वागत किया गया और उन्हें 21 तोपों की सलामी दी गई थी.
भारत में चल रहे बॉयकॉट मालदीव के ट्रेंड के बीच मुइज्जू ने चीन से अपील की है कि वो अधिक से अधिक चीनी पर्यटकों को मालदीव भेजे. मंगलवार को फुजियान प्रांत में मालदीव बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए मुइज्जू ने कहा था कि कोविड से पहले हमारे देश में सबसे अधिक पर्यटक चीन से आते थे. मेरा अनुरोध है कि चीन को ऐसा करने के लिए फिर से अपनी कोशिशें तेज करनी चाहिए.
मालदीव पर्यटन मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, भारत 2023 में मालदीव के लिए सबसे बड़ा पर्यटक बाजार बना हुआ है.

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